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महिला की मौत, जिला अस्पताल में बवाल

BhaskarHindi.com | Last Modified - September 13th, 2017 13:23 IST

महिला की मौत, जिला अस्पताल में बवाल

डिजिटल डेस्क, सतना। जिला अस्पताल के मिनी ICU में भर्ती एक महिला की इंजेक्शन लगाने के बाद तत्काल मौत हो गई। महिला की मौत के साथ ही परिजन लापरवाही के आरोप लगाते हुए उग्र हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही सीएस डा. एसबी सिंह समेत जिला अस्पताल के कई डॉक्टर ICU पहुंच गए। हालात हंगामायी होते देख तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी गई सीएसपी वीडी पांडेय, टीआई राघवेंद्र द्विवेदी, टीआई भूपेन्द्र सिंह पुलिस बल के साथ जिला अस्पताल पहुंचे। पुलिस की काफी समझाइस के बाद कहीं जाकर हालात काबू में आए। इस बीच सीएमएचओ डा. डीएन गौतम और एसडीएम बलबीर रमण भी जिला अस्पताल पहुंचे और मामले की जानकारी लेते हुए दोषियों के खिलाफ कार्यवाही के आश्वासन दिए। इस मामले में मृतका के परिजनों ने एसडीएम को लिखित शिकायत सौंपी है। 

 ये है मामला

लगरगवां निवासी योगेन्द्र सिंह ने अपनी पत्नी रेखा सिंह ३६ वर्ष को मंगलवार को लेकर डा. आरएन सोनी के पास पहुंचे, डा. सोनी ने देखा और महिला को जिला अस्पताल के मिनी ICU में भर्ती करने की सलाह दी। रेखा को शाम 4 बजे ICU में भर्ती कराया गया। डा. सोनी के मुताबिक रेखा लगभग 20 दिनों से बीमार थी। उसे मलेरिया, टाईफाइड के साथ यूरिन और किडनी में संक्रमण था। मिनी ICU में तैनात स्टाफ नर्स दीपिका चतुर्वेदी द्वारा डॉक्टर के पर्चे में लिखी दवाइयों के अनुसार रेखा को इंजेक्शन कैफपैराजॉन, ऑडेम और एमिकासिन लगाया। परिजन के आरोप हैं कि स्टाफ नर्स द्वारा इंजेक्शन लगाने के लिए रेखा के हांथ में तीन दफा निडिल लगाई गई। इसके बाद एक-एक कर 3 इंजेक्शन लगाए गए, इंजेक्शन लगाने के साथ ही रेखा तड़पने लगी और उसकी सासें थम गईं। परिजन के यह भी आरोप यह भी हैं कि महिला की मौत के बाद स्टाफ नर्स द्वारा इंजेक्शन को फेंक दिया गया। बताया गया है कि महिला की मौत के बाद स्टाफ नर्स ने खुद को बाथरूम में बंद कर लिया था। लगभग ३ घंटे बाद समझाइस देकर उसे बाहर निकाला गया। 

छावनी बना ICU
महिला की मौत के बाद उग्र परिजन लगातार लापरवाही के आरोप लगाते हुए कार्यवाही की मांग कर रहे थे। लगभग २ घंटे चले हंगामे के बीच पुलिस ने ICU को घेर रखा था। गनीमत यह थी कि पुलिस की समझाइस के बाद परिजनों ने किसी प्रकार का उपद्रव नहीं किया। बताया गया है कि मामले की जानकारी मिलने के बाद महापौर ममता पांडेय, कांगेस नेता सुधीर सिंह तोमर, पूर्व विधायक रामप्रताप सिंह, राजदीप सिंह मोनू एवं देवेन्द्र तिवारी ने भी अस्पताल पहुंचकर परिजनों को समझाया गया। 

कराएंगे निष्पक्ष जांच 
महिला की मौत के बाद लगे आरोपों को गंभीरता से लेते हुए सीएस डा. एसबी सिंह ने संबंधित इंजेक्शन के वॉयल के साथ मृतका की केस शीट को जब्त करा लिया है। अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक इस मामले में टीम बनाकर निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। अगर लापरवाही हुई है तो दोषियों को छोड़ा नहीं जाएगा। हालांकि इससे पहले भी जितनी मौतों पर बवाल हुए हैं, हर दफा एक टीम बनाई गई है। जांच टीम में डा. नरेन्द्र शर्मा, डा. बीएल पटेल एवं डा. एके त्रिवेदी को शामिल किया गया है। जांच टीम की रिपोर्ट के बाद कार्यवाही कितनों के ऊपर हुई है यह बात भी किसी से छिपी नहीं है। 

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