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नवरात्र 2017ः इस मुहूर्त में करें कलश स्थापना, प्रसन्न होंगी 9 देवियां

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। इस बार 21 सितंबर से नवरात्र प्रारंभ होकर 30 सितंबर तक रहेगा। नौ दिनों तक चलने वाली नवरात्र में मां के नौ रूपों की पूजा-अर्चना की जाती है। इस बार प्रतिपदा तिथि दो दिन होने के कारण नवरात्र नौ दिन की बजाय 10 दिन रहेंगे। नवरात्र में मां दुर्गा के भक्त उन्हें प्रसन्न करने  के लिए व्रत रखेंगे।

इस नवरात्र में कलश स्थापना करने का सबसे शुभ मुहर्त ब्रम्ह मुहर्त में 9.57 बजे है। अगर ब्रम्ह मुहर्त में कलश स्थापना नहीं कर पाएं तो इसके बाद दिन में 11.36 से 12.24 के बीच में ही कलश स्थापना कर सकते हैं। इस वर्ष माता की चौकी लगाने का समय 21 सितंबर को सुबह 06 बजकर 03 मिनट से लेकर 08 बजकर 22 मिनट तक का है। आपको बता दें कि इस बार मां दुर्गा नौका पर सवार होकर आ रही हैं। 

कलश स्थापना 

नवरात्र के समय कलश स्थापना करते वक्त उस पर स्वास्तिक बनाएं और इसके बाद कलश पर मौली बांधें। कलश में मौली बंधने के बाद उसमें जल भर दें।  इसके बाद उसमें साबुत सुपारीए इत्रए फूल व पंचरत्न डालने से फायदा होता है।  

विद्वानों का लें मार्गदर्शन 

नवरात्र में मां दुर्गा के एक से बढ़कर एक भक्त देखने मिलते हैं, किंतु मां शक्ति के पूजन के दौरान सावधानी रखना बेहद जरूरी है। पूजन की विधि में गलतियां अनिष्टकारी परिणाम भी सामने लेकर आ सकते हैं। इसलिए पूजन में विद्वानों का सहयोग लेना बेहद जरूरी है।

मां के इन रूपों का करें दर्शन 

  • 21 सितंबर 2017 : मां शैलपुत्री की पूजा 
  • 22 सितंबर 2017 : मां ब्रह्मचारिणी की पूजा 
  • 23 सितंबर 2017 : मां चन्द्रघंटा की पूजा 
  • 24 सितंबर 2017 : मां कूष्मांडा की पूजा 
  • 25 सितंबर 2017 : मां स्कंदमाता की पूजा 
  • 26 सितंबर 2017 : मां कात्यायनी की पूजा 
  • 27 सितंबर 2017 : मां कालरात्रि की पूजा 
  • 28 सितंबर 2017 : मां महागौरी की पूजा 
  • 29 सितंबर 2017 : मां सिद्धदात्री की पूजा
  • 30 सितंबर 2017: दशमी तिथि, दशहरा
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