•  14°C  Clear
Dainik Bhaskar Hindi

Home » State » Three time Train accident in last five days in akola maharashtra

पांच दिन में तीन हादसे ; क्या रेल विभाग को है बड़ी दुर्घटना का इंतजार?

BhaskarHindi.com | Last Modified - July 27th, 2017 14:51 IST

पांच दिन में तीन हादसे ; क्या रेल विभाग को है बड़ी दुर्घटना का इंतजार?

डिजिटल डेस्क, अकोला। मध्य रेल के भुसावल मंडल के अंतर्गत आने वाले तथा मूर्तिजापुर बडनेरा के बीच कुरुम रेलवे स्टेशन पड़ता है। इस रेलवे स्टेशन पर 7 जुलाई से 12 जुलाई के बीच पांच दिन के भीतर तीन बार मालगाड़ियां बेपटरी हुई हैं। गनीमत है कि तीनों बार मालगाड़ी ही हादसे का शिकार हुई है। यदि यात्री गाड़ी का पहिया पटरी से उतरता तो बड़ा हादसा हो सकता था। एक ही लाईन पर लगातार तीन बार हादसे होने के बाद भी इस मार्ग की तकनीकी खामी क्यों दूर नहीं हो रही है? कहीं रेल विभाग को बड़े हादसे का इंतजार तो नहीं? ऐसा सवाल इन घटनाओं के कारण उठाया जाने लगा है।

अकोला जिले की मूर्तिजापुर एवं अमरावती जिले के बडनेरा के बीच कुरुम रेलवे स्टेशन पड़ता है। विगत 7 जुलाई को डाऊन लुप में जा रही मालगाड़ी का डिब्बा पटरी से उतर गया था। जिसके कारण नागपुर की ओर जाने वाली गाडिय़ां विलंब से चली थी। मंगलवार 11 जुलाई को भी गिट्टी लादकर जा रही गाड़ी का पहिया डाऊन लुप पर ही उतर गया था। इस वजह से भी आवागमन में बाधा आई थी। बुधवार को फिर लगातार तीसरी बार शाम 7.10 बजे गिट्टी उतार कर वापस आ रही मालगाड़ी दौबारा गिट्टी भरने के लिए खड़े करते समय अप साईडिंग लाईन पर गार्ड का डिब्बा डिपों की दीवार से टकरा कर पटरी से नीचे उतर गया।

बुधवार के हादसे के बावजूद अप एवं डाऊन दोनों लाइने सही सलामत होने से यातायात में कोई बाधा नहीं आई है। घटना की जानकारी मिलते ही बड़नेरा के रेल अभियंता प्रमोद वाडेकर मौके पर पहुंचे। इस दौरान गार्ड का डिब्बा पटरी पर रखने का काम किया जा रहा था। बता दें कि कुरुम रेलवे स्टेशन पर सन 2007 में गिट्टी डिपो बनाया गया था। रेल परिचालन के लिए गिट्टी की अत्यंत आवश्यकता होती है। इस वजह से कुरुम से भुसावल एवं बडनेरा तक बीटी में भर कर गिट्टी लाईन पर डाली जाती है। रेल विभाग में गिट्टी आपूर्ति का ठेका अकोला के ठेकेदार खोसला कंपनी को दिया गया है। जिससे आए दिन यहां से गिट्टी भर कर बडनेरा-अमरावती, नरखेड तथा भुसावल के बीच डाली जाती है।

जानकारी के अनुसार बडनेरा के रेल अभियंता प्रमोद वाडेकर सन 2007 से यहां रेल सेक्शन इंजिनिअर पद पर बने हुए है। इससे पहले बडनेरा सेक्शन में चार बार रेल पटरियों से गाडिय़ां उतरी है। और अब कुरुम परिसर में पांच दिनों में तीसरी बार गाड़ी रेल पटरी से उतरी है। कुल मिला कर रेल अभियंता वाडेकर के दस साल के कार्यकाल में 7 बार रेल पटरियों से पहिए नीचे उतरे हैं।

loading...
Que.

क्या नोट बंदी के फैसले से अर्थव्यवस्था ख़राब हुई ?

समाचार पर अपनी प्रतिक्रिया यहाँ दें l

एक नज़र इधर भी
loading...

FOLLOW US ON