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वंदे भारत मिशन के तहत दो अतिरिक्त उड़ानों सहित 4 अगस्त तक आएगी 6 उड़ान

July 24th, 2020 15:38 IST
वंदे भारत मिशन के तहत दो अतिरिक्त उड़ानों सहित 4 अगस्त तक आएगी 6 उड़ान

डिजिटल डेस्क, जयपुर, 23 जुलाई। वंदे भारत मिशन के तहत 2 अतिरिक्त फ्लाइट सहित अब 4 अगस्त तक विदेशों से 6 उड़ानों से प्रवासी राजस्थानी जयपुर आएंगे। अतिरिक्त मुख्य सचिव खान एवं पेट्रोलियम व संयोजक एयर सेल डॉ. सुबोध अग्रवाल ने बताया कि 22 जुलाई तक करीब 116 उड़ानों से 18 हजार 388 प्रवासी राजस्थानी जयपुर एयरपोर्ट पर उतर चुके हैं। उन्होंने बताया कि गुरुवार को रस अल खैमम से जयपुर एयरपोर्ट पर एक फ्लाइट से करीब 175 प्रवासी राजस्थानी जयपुर पहुंचे। एसीएस डॉ. अग्रवाल ने बताया कि वंदे भारत मिशन के तहत 2 और 4 अगस्त को भी प्रवासी राजस्थानियों को लेकर एक-एक फ्लाइट आएंगी। इस तरह से 25 जुलाई से 4 अगस्त के दौरान बिश्केक से 2 और दुबई, मस्कट, शरजाह और दोहा से एक-एक फ्लाइट प्रवासी राजस्थानियों को लेकर जयपुर एयरपोर्ट उतरेगी। उन्होंने बताया कि विदेशों में फंसे राजस्थानियों की चरणवद्ध वापसी को कारगर बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा गठित एयरसेल द्वारा नियमित मोनेटरिंग व समन्वय किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मिशन के तहत 22 मई को पहली फ्लाइट लंदन से 149 प्रवासी राजस्थानियों को लेकर जयपुर एयरपोर्ट पहुंची थी। गौरतलब है कि वंदे भारत मिशन के साथ ही चार्टर फ्लाइटों से भी प्रवासी राजस्थानी जयपुर पहुंच रहे हैं। डॉ. अग्रवाल ने बताया कि प्रवासी राजस्थानियों के जयपुर एयरपोर्ट उतरने के बाद चिकित्सकों व अधिकारियों के दल द्वारा संस्थागत क्वारंटाइन सहित आवश्यक सभी व्यवस्थाएं की जा रही है। एयरपोर्ट पर उड़ानों के आने के समय संयुक्त निदेशक मेडिकल डॉ. एसके भण्डारी, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. निर्र्मल जैन, डॉ. धनेश्वर शर्मा और इनकी पूरी मेडिकल टीम द्वारा थर्मल स्केनिंग से लेकर मेडिकल चेक अप तक की सेवाएं दी जा रही है। जयपुर एयरपोर्ट पर क्वारंटाइन अधिकारी श्री बीसी गंगवाल, उपनिदेशक पर्यटन श्री उपेन्द्र सिंह शेखावत और इनकी टीम व रीको डीजीएम श्री तरुण जैन आदि द्वारा संस्थागत क्वांरटाइन की व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। जेडीए, जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन के अधिकारी एयरपोर्ट में व्यवस्थाओं को देख रहे हैं। निदेशक सिविल एविएशन कैप्टन केसरी सिंह ने बताया कि एयरपोर्ट पर आवश्यक व्यवस्थाएं चाकचोबंद है।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।