comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

भिण्ड: कार्य के लिए जिले से बाहर जाने वाली बच्चियों का रिकॉर्ड रखने का सिस्टम बनाएँ महिला अपराधों में आई कमी के लिए पुलिस बधाई की पात्र - मुख्यमंत्री

January 12th, 2021 16:41 IST
भिण्ड: कार्य के लिए जिले से बाहर जाने वाली बच्चियों का रिकॉर्ड रखने का सिस्टम बनाएँ महिला अपराधों में आई कमी के लिए पुलिस बधाई की पात्र - मुख्यमंत्री

डिजिटल डेस्क, भिण्ड। भिण्ड मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने मंत्रालय में एक उच्च-स्तरीय बैठक में प्रदेश से गायब हुई बालिकाओं के संबंध में गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा, मुख्य सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस और पुलिस महानिदेशक श्री विवेक जौहरी से चर्चा की। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने गायब हुई बालिकाओं के संबंध में कहा कि पुलिस ऐसे मामलों में बालिकाओं की बरामदगी संख्या बढ़ाएँ। उन्होंने गत कुछ माह में महिला अपराधों में आई कमी के लिए पुलिस को बधाई दी। उल्लेखनीय है कि गत आठ माह में महिलाओं के विरुद्ध अपराध आधे हुए हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान के लिए महिला जागरूकता अभियान का संचालन सराहनीय है। चिंता का विषय है बेटियों का गुम होना मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बैठक में कहा कि बेटियों के गायब होने के मामले में गंभीर कार्यवाही की आवश्यकता है। इसलिए आज की यह विशेष बैठक बुलाई गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियों का गायब होना चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि गुम हुई बेटियों को लाना, प्राथमिकता हो। मुख्यमंत्री ने कहा ऐसा सिस्टम बनाएं कि जिले से कार्य, रोजगार आदि के लिए बाहर जाने वाली बेटी का पूरा रिकार्ड हो, जिससे वे शिकायत कर सकें। तभी इसे रोक पाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी व्यवस्था हो कि कार्य के लिए जिले से बाहर जाने पर रजिस्ट्रेशन अनिवार्य हो। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि गायब बच्चों में बेटों की तुलना में बेटियों की संख्या दोगुनी होने से स्पष्ट संकेत है कि बेटियों का गायब होना सामान्य नहीं है। पुलिस महानिदेशक श्री विवेक जौहरी ने बताया कि बालिकाओं या युवतियों के गायब होने के पीछे के नगरीय क्षेत्रों के प्रमुख कारणों में उनका बिना बताये घर से जाना या नाराज होकर भागना और बिना बताए प्रेमी के साथ भागना शामिल है। ग्रामीण क्षेत्र से मजदूरी के नाम पर पलायन होता है। इसमें श्रम विभाग की कार्यवाही आवश्यक होगी। इसका रिकार्ड रखा जाये कि कांट्रेक्टर उन्हें कहाँ और किस कार्य से ले जा रहे हैं। सभी हेल्प लाइन को एक करें मुख्यमंत्री ने विभिन्न तरह की हेल्पलाइन को एक करने के लिए भी प्रस्ताव बनाने को कहा। अभी प्रदेश में उमंग एप और हेल्पलाइन 1090 है। भारत सरकार का हेल्प लाइन नंबर 1098 है। बैठक में विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी मुख्यमंत्री कार्यालय श्री मकरंद देउस्कर, अपर मुख्य सचिव गृह डॉ. राजेश राजौरा, प्रमुख सचिव महिला-बाल विकास श्री अशोक शाह और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।

कमेंट करें
2dK6k
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।