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पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ पी-5 देशों को भेजे डोजियर

November 17th, 2020 16:01 IST
 पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ पी-5 देशों को भेजे डोजियर

हाईलाइट

  • पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ पी-5 देशों को भेजे डोजियर

इस्लामाबाद, 17 नवंबर (आईएएनएस)। पाकिस्तान संयुक्त राष्ट्र में अपना डोजियर पेश करने के लिए कमर कस रहा है, जिसमें दावा किया गया है कि उसके पास आतंकवाद में भारत की भागीदारी के खिलाफ अकाट्य सबूत हैं। साथ ही वह ब्रीफिंग के जरिए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) के स्थायी सदस्यों को इस मामले से जोड़ने की कोशिश कर रहा है।

विश्व मंच पर खुद प्रायोजित आतंकवादियों की पनाहगाह के बजाय पीड़ित बताने वाले उसके तर्को को पश्चिम में कोई मान नहीं रहा है। हाल ही में पाकिस्तान के विदेश सचिव ने यूएनएससी के पी-5 सदस्यों को भारत द्वारा प्रायोजित आतंकवाद के बारे में जानकारी दी।

विदेश कार्यालय द्वारा जारी एक बयान में कहा गया, दूतों को भारत के पाकिस्तान में आतंकवादी गतिविधियों की योजना बनाने, बढ़ावा देने, उनकी सहायता करने, पालन करने, वित्तपोषण करने और उनके कार्यान्वयन में शामिल होने की जानकारी दी गई।

साथ ही इसमें कहा गया है कि भारत के पाकिस्तान के खिलाफ आतंकवाद को प्रायोजित करने के अकाट्य सबूत वाले डोजियर उन्हें सौंपे गए हैं। विदेश मंत्रालय ने भारतीय विदेश मंत्रालय द्वारा सबूतों को अस्वीकार करने की बात से भी इनकार कर दिया है।

बयान में कहा गया, पूरी तरह से उजागर हो गया है कि भारत झूठी कहानियों का सहारा ले रहा है। इनकार करने और पुराने आरोपों को दोहराने से तथ्यों में बदलाव नहीं होगा।

बता दें कि भारतीय विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान के डोजियर को काल्पनिक बताते हुए खारिज कर दिया है और इसे देश की आंतरिक राजनीति और आर्थिक समस्याओं से ध्यान हटाने का प्रयास बताया है।

इससे पहले पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी और महानिदेशक (डीजी) इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने पाकिस्तान के खिलाफ आतंकवाद को प्रायोजित करने में भारत की संलिप्तता के सबूत पेश किए थे।

विदेश मंत्री कुरैशी ने कहा, पाकिस्तान द्वारा प्रस्तुत किए गए डोजियर में पाकिस्तान के खिलाफ आतंकवादी गतिविधियों में भारत की सक्रिय योजना, प्रचार, सहायता, पालन, वित्त पोषण और निष्पादन के दस्तावेज हैं। हमारी सीमाओं पर भारत द्वारा प्रायोजित आतंकवाद के कारण पाकिस्तान को लगातार नुकसान हो रहा है। अब तक प्रत्यक्ष आर्थिक नुकसान 126 अरब अमेरिकी डॉलर से ऊपर का रहा है।

कुरैशी ने कहा है, भारत पाकिस्तान में आतंकवाद फैला रहा है और खुद को आतंकवाद के शिकार के तौर पर पेश कर रहा है। इसने पाकिस्तान की छवि खराब करने के लिए आईआईओजेके (भारत द्वारा अवैध रूप से अधिकृत जम्मू और कश्मीर) और भारत के अंदर झूठा ऑपरेशन किया है। अब वह मुखौटा हट गया है और दुनिया भारत के असली चेहरे को देख सकती है कि वो एक दशक से लंबे समय से आईआईओजेके में आतंकवाद प्रायोजित कर रहा है और पाकिस्तान में अस्थिरता लाने का प्रयास कर रहा है।

कुरैशी ने यह भी कहा कि मार्च 2016 में रंगे हाथों पकड़ा गया कुलभूषण पाकिस्तान के खिलाफ नई दिल्ली के एजेंडे का निर्विवाद चेहरा था।

एसडीजे/एसजीके

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।