comScore

कई देशों में भारत के राजदूत रहे जयशंकर मोदी सरकार में बने मंत्री

कई देशों में भारत के राजदूत रहे जयशंकर मोदी सरकार में बने मंत्री

हाईलाइट

  • अमेरिका में भारत के राजदूत रहे
  • विदेश मामलों में रखते हैं अच्छी पैठ
  • ओबामा को गणतंत्र दिवस पर बुलाने में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को दूसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। वैसे तो पीएम मोदी के साथ 57 मंत्रियों ने शपथ ली, लेकिन अचानक सामने आए एक नाम ने सबको चौंका दिया। मोदी कैबिनेट में पूर्व विदेश सचिव एस जयशंकर को भी शामिल किया गया है। विदेश मामलों में अच्छी पैठ रखने वाले 1977 बैच के आईएफएस अधिकारी एस जयशंकर को काफी तेज-तर्रार अफसर माना जाता है। 

केंद्र सरकार ने जनवरी 2015 में एस जयशंकर को विदेश सचिव बनाया था, इससे पहले वो अमेरिका में भारत के राजदूत के तौर पर काम कर रहे थे। माना जाता है कि अमेरिका के साथ परमाणु संधि की डील क्लीयर करने और ओबामा को गणतंत्र दिवस पर बुलाने में मुख्य भूमिका जयशंकर ने ही निभाई थी। 
 

पिता भी थे प्रमुख रणनीतिकार
दिल्ली में जन्मे एस जयंशकर (s jaishankar) मूलत: तमिलनाडु के रहने वाले हैं। उनके पिता के सुब्रमण्यम की गिनती भारत के प्रमुख रणनीति विश्लेषकों में होती थी। उन्होंने एयरफोर्स स्कूल के बाद सेंट स्टीफेंस कॉलेज से पढ़ाई की है, उनकी पत्नी का नाम क्योको जयशंकर है। जयशंकर के दो बेटे और एक बेटी है, उन्होंने एमफिल और पीएचडी तक पढ़ाई की है, इसके अलावा वो पॉलिटिकल साइंस से एमए भी कर चुके हैं। जयशंकर इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट फॉर स्ट्रेटजिक स्टडी लंदन के भी सदस्य हैं। 
  

किन पदों पर किया काम
एस जयशंकर की पहली पोस्टिंग रूस के भारतीय दूतावास में हुई। यहां उन्होंने 1979 से लेकर 1981 तक काम किया। इसके बाद 1981 से 1988 तक वे अमेरिका में भारत के पहले सचिव रहे। उन्होंने श्रीलंका में पोस्टिंग के दौरान भारतीय सेना के राजनीतिक सलाहकार की तरह भी काम किया। 

कमेंट करें
0b5jZ