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गौरी लंकेश मर्डर : एक और गिरफ्तारी, 14 दिनों की रिमांड पर संदिग्ध शूटर

BhaskarHindi.com | Last Modified - June 13th, 2018 00:40 IST

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गौरी लंकेश मर्डर : एक और गिरफ्तारी, 14 दिनों की रिमांड पर संदिग्ध शूटर

News Highlights

  • गौरी लंकेश मर्डर केस में एक और गिरफ्तारी।
  • संदिग्ध शूटर को महाराष्ट के सिंदगी से किया गया है गिरफ्तार।
  • कोर्ट ने गिरफ्तार किए गए संदिग्ध शूटर को भेजा 14 दिन की पुलिस रिमांड पर।


डिजिटल डेस्क, बेंगलुरु। पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या के मामले में कर्नाटक एसआईटी को एक और सफलता हाथ लगी है। SIT ने एक संदिग्ध युवक को गिरफ्तार किया है। युवक का नाम परशुराम वाघमारे है। माना जा रहा है कि गिरफ्तार युवक ही शूटर है। हालांकि पूछताछ के बाद ही ये बात साफ हो पाएगी। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद 14 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा गया है।



महाराष्ट्र के सिंदगी से गिरफ्तार
जानकारी के अनुसार संदिग्ध शूटर को महाराष्ट्र के सिंदगी से गिरफ्तार किया गया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि हमें टिप्पणी करने से पहले उससे पूछताछ करने की जरूरत है। एसआईटी के सूत्रों ने बताया कि संदिग्ध की उम्र लगभग 30 साल है। वह मराठी बोलने वाला व्यक्ति है। उसकी लंबाई 5.1 इंच और वजन 75 से 80 किलो है। उसके पास से किसी तरह का हथियार बरामद नहीं हुआ है। बता दें कि सीसीटीवी फुटेज के अध्यन के आधार पर फोरेंसिक टीम ने कहा था कि गौरी लंकेश की हत्या करने आया हमलावर लगभग 5.2 या 5.1 इंच लंबा था और वजन 70-80 किलो था।

हिन्दू धर्म की आलोचना के कारण हत्या
बता दें कि 30 मई को कर्नाटक पुलिस ने गौरी लंकेश मर्डर केस की चार्जशीट दाखिल की थी। जिसमे पुलिस इस नतीजे पर पहुंची है कि हिन्दू धर्म की आलोचना के कारण ही गौरी लंकेश की हत्या की गई थी। इस चार्जशीट में नवीन कुमार को मुख्य आरोपी बनाया गया है। वहीं प्रवीण कुमार का नाम भी इस चार्जशीट में आरोपी के रूप में है। प्रवीण कुमार को पुलिस अब तक गिरफ्तार नहीं कर पाई है। करीब 600 पेज की इस चार्जशीट में 100 लोगों के नाम बतौर गवाह दर्ज है।

यूपी से खरीदे थे कारतूस
नवीन कुमार को बेंगलुरु पुलिस ने गिरफ्तार किया था। मैसूर के पास मंड्या का रहने वाला यह शूटर बेंगलुरु में अवैध असलहा बेचने की फिराक में आया था। उसने पुलिस पूछताछ में खुलासा किया था कि हत्या में इस्तेमाल किए गए कारतूस यूपी से मंगाए गए थे और उसने हर एक कारतूस के लिए एक-एक हजार रुपये चुकाए थे। हत्या की पूरी साजिश बेंगलुरु के विजयनगर में स्थित बीबीएमपी पार्क में बैठकर रची गई थी। 

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