आक्रमणकारी नहीं, देश के नायकों को अपना आदर्श बनाएं युवा कविंद्र गुप्ता

आक्रमणकारी नहीं, देश के नायकों को अपना आदर्श बनाएं युवा  कविंद्र गुप्ता
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में शुक्रवार को महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और प्रदेश कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष प्रतिभा सिंह सहित कई गणमान्य लोगों ने दोनों महान नेताओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।

शिमला, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में शुक्रवार को महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में प्रदेश के राज्यपाल कविंद्र गुप्ता, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर और प्रदेश कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष प्रतिभा सिंह सहित कई गणमान्य लोगों ने दोनों महान नेताओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।

इस दौरान राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने 'अहिंसा परमो धर्म' का संदेश देकर स्वतंत्रता आंदोलन में अतुलनीय योगदान दिया। उन्होंने कहा कि आजादी की लड़ाई के दौरान गांधी जी ने सभी वर्गों को साथ लेकर चलने का संकल्प लिया और जन-जन में स्वराज के प्रति जागरूकता पैदा की। उनके सत्य और अहिंसा के सिद्धांत आज भी पूरे विश्व के लिए प्रासंगिक हैं।

राज्यपाल ने पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को भी याद करते हुए कहा कि शास्त्री जी ने 1965 के युद्ध के दौरान देश का कुशल नेतृत्व किया और 'जय जवान, जय किसान' का अमर नारा दिया। उन्होंने सादगी और ईमानदारी की मिसाल पेश की, जिसे देश कभी नहीं भूल सकता। महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री दोनों ही देश के युवाओं के लिए आदर्श और प्रेरणा के स्रोत हैं।

इस दौरान राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने युवाओं से विशेष आह्वान किया। उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को देश के सच्चे नायकों और महापुरुषों के इतिहास और उनके योगदान से परिचित होना चाहिए। युवाओं को महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज और गुरु गोविंद सिंह जैसे वीर महापुरुषों की शिक्षाओं और उनके बलिदान को जानने की आवश्यकता है।

उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जिन्होंने भारत पर आक्रमण किया या यहां शासन कर अत्याचार किए, वे हमारे आदर्श कभी नहीं हो सकते। आने वाली पीढ़ी को यह जानना और समझना जरूरी है कि देश की स्वतंत्रता और संस्कृति की रक्षा के लिए किन-किन लोगों ने अपना सर्वस्व न्योछावर किया।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   2 Oct 2026 1:47 PM IST

Tags

Next Story