कलकत्ता हाईकोर्ट ने ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को कोर्ट की अवमानना ​​का नोटिस भेजा

कलकत्ता हाईकोर्ट ने ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को कोर्ट की अवमानना ​​का नोटिस भेजा
कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी को अदालत की अवमानना करने के मामले में नोटिस भेजा है।

कलकत्ता, 19 जून (आईएएनएस)। कलकत्ता हाईकोर्ट ने पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी और उनके भतीजे अभिषेक बनर्जी को अदालत की अवमानना करने के मामले में नोटिस भेजा है।

यह नोटिस तृणमूल कांग्रेस की सालाना शहीद दिवस रैली के संबंध में है, जो 21 जुलाई 2025 को बुलाई गई थी। इस रैली ने कलकत्ता हाईकोर्ट के 2018 के फैसले का उल्लंघन किया था, जिसमें सभी राजनीतिक दलों को साफ निर्देश था कि वो शहर के किसी भी मार्ग को अवरुद्ध नहीं करें।

हाल ही में कलकत्ता हाईकोर्ट में सालाना शहीद दिवस के संबंध में अवमानना याचिका दाखिल की गई थी। यह याचिका जस्टिस अरिजित बनर्जी की अध्यक्षता वाली खंडपीठ के समक्ष दाखिल की गई है।

इस संबंध में शुक्रवार को प्रारंभिक सुनवाई हुई। इसके बाद खंडपीठ ने आदेश दिया कि ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को अवमानना का नोटिस जारी किया जाएगा। मामले की अगली सुनवाई तीन जुलाई को होगी।

बता दें कि 2018 में कलकत्ता उच्च न्यायालय की खंडपीठ ने फैसला सुनाया था कि कोई भी राजनीतिक दल शहर के मुख्य हिस्सों को ब्लॉक नहीं करेगा। यह फैसला न्यायमूर्ति ज्योतिर्मय भट्टाचार्य और न्यायमूर्ति अरिजीत बनर्जी ने सुनाया था।

तत्कालीन खंडपीठ ने अपने फैसले में कहा था कि सड़क का एक हिस्सा हमेशा पैदल चलने वाले और वाहन चालकों के लिए खुला रहना चाहिए। एंबुलेंस सहित अन्य आपातकालीन स्थितियों में सड़क का एक हिस्सा हमेशा खुला रहे। इसके अलावा अगर जरूरत पड़े तो वाहनों के सुगम आवागमन के लिए दूसरे रोड की व्यवस्था की जाए।

हाईकोर्ट ने 2018 में पुलिस को आदेश दिया था कि वो मीडिया के माध्यम से लोगों को ट्रैफिक डायवर्जन के बारे में जानकारी दें। इसके अलावा, कोर्ट ने यह भी कहा था कि अगर राजनीतिक बैठक या रैली के दौरान किसी भी प्रकार की तोड़फोड़ या हिंसा की स्थिति पैदा होती है, तो आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

हाल ही में कलकत्ता हाईकोर्ट में एक दूसरी याचिका दाखिल की गई है, जिसमें यह दावा किया गया है कि गत वर्ष 21 जुलाई को तृणमूल कांग्रेस की शहीद दिवस रैली के दौरान 2018 के फैसले का उल्लंघन किया गया है।

याचिका में यह भी दावा किया गया कि टीएमसी की 'शहीद दिवस' रैली सेंट्रल कोलकाता के एस्प्लेनेड में एक अहम जंक्शन को पूरी तरह से ब्लॉक करके आयोजित की गई थी, जिससे आम जनता को भारी परेशानी हुई।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   19 Jun 2026 4:20 PM IST

Tags

Next Story