मणिपुर मुख्यमंत्री खेमचंद ने हथकरघा क्षेत्र में महिलाओं की अहम भूमिका की सराहना की

मणिपुर मुख्यमंत्री खेमचंद ने हथकरघा क्षेत्र में महिलाओं की अहम भूमिका की सराहना की
मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने शुक्रवार को कहा कि राज्य के हथकरघा क्षेत्र में महिलाएं सबसे आगे हैं, यहां लगभग 95 प्रतिशत हथकरघा उत्पादक महिलाएं हैं और बाकी पांच प्रतिशत पुरुष हैं।

इंफाल, 7 अगस्त (आईएएनएस)। मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने शुक्रवार को कहा कि राज्य के हथकरघा क्षेत्र में महिलाएं सबसे आगे हैं, यहां लगभग 95 प्रतिशत हथकरघा उत्पादक महिलाएं हैं और बाकी पांच प्रतिशत पुरुष हैं।

राज्य के राज्यपाल अजय कुमार भल्ला और मुख्यमंत्री ने इंफाल के सिटी कन्वेंशन सेंटर में आयोजित 12वें राष्ट्रीय हथकरघा दिवस समारोह में भाग लिया।

खेमचंद सिंह ने कहा कि राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पूरे देश में ऐतिहासिक स्वदेशी आंदोलन की याद में मनाया जाता है। यह आंदोलन 1905 में कलकत्ता में शुरू हुआ था, जिसका मकसद औपनिवेशिक काल के दौरान अंग्रेजों द्वारा बंगाल के विभाजन का विरोध करना था। उन्होंने बताया कि इस आंदोलन ने स्वदेशी उत्पादों, खासकर हाथ से बुने कपड़ों और स्थानीय स्तर पर बनी वस्तुओं के इस्तेमाल को बढ़ावा दिया।

मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि 7 अगस्त, 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चेन्नई, तमिलनाडु में आधिकारिक तौर पर राष्ट्रीय हथकरघा दिवस मनाने की शुरुआत की थी। उन्होंने कहा कि तब से देश इस महत्वपूर्ण दिन को मना रहा है, जिससे हथकरघा और हस्तशिल्प कारीगरों और बुनकर समुदाय को सशक्त बनाया जा रहा है।

अपने बचपन का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मणिपुर में, जहां हर घर में हथकरघा एक परंपरा रही है, परिवार के खर्च का आधा हिस्सा महिलाएं हथकरघा गतिविधियों से होने वाली आय के जरिए उठाती हैं।

खेमचंद सिंह ने कहा कि इस समारोह का मकसद देश के हथकरघा और हस्तशिल्प क्षेत्र को बढ़ावा देना और प्रोत्साहित करना है। मणिपुर में भी, हथकरघा और हस्तशिल्प से जुड़े पुरुष और महिलाएं कई तरह के नए और अनोखे उत्पाद बना रहे हैं। उनकी बनाई चीजें न केवल राज्य के भीतर पहचान बना रही हैं, बल्कि बाहर के बाजारों में भी सराही जा रही हैं और लोकप्रिय हो रही हैं।

उन्होंने कहा कि हथकरघा उत्पादों का इस्तेमाल ज्यादातर महिलाएं करती हैं और उन्होंने पुरुषों को भी हथकरघा उत्पादों का इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित किया।

यह कार्यक्रम मणिपुर सरकार के कपड़ा, वाणिज्य और उद्योग विभाग द्वारा "परंपरा के धागे: हथकरघा के जरिए संस्कृति की बुनाई" थीम के तहत आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम के तहत, "थ्रेड्स ऑफ हेरिटेज" नाम की एक छोटी वीडियो डॉक्यूमेंट्री दिखाई गई। साथ ही, हथकरघा (हैंडलूम) पर एक डेटा बुक और "थ्रेड्स ऑफ हेरिटेज: ट्रेडिशनल एंड जीआई-टैग्ड हैंडवोवन स्टोल्स ऑफ मणिपुर" नाम की एक कॉफी टेबल बुक भी आधिकारिक तौर पर जारी की गई।

कार्यक्रम के दौरान, साल 2025-26 के लिए बेहतरीन हथकरघा बुनकरों और हस्तशिल्प कारीगरों को राज्य पुरस्कार दिए गए। नेशनल हैंडलूम डिजाइनर्स कॉन्क्लेव 2026 में होम फर्निशिंग के लिए 'बेस्ट क्लस्टर डिजाइनर अवॉर्ड' जीतने वालों को भी सम्मानित किया गया।

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Created On :   7 Aug 2026 11:16 PM IST

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