जम्मू-कश्मीर में कारोबार आसान बनाने और कानूनों को तर्कसंगत बनाने के लिए विधेयक पेश

जम्मू-कश्मीर में कारोबार आसान बनाने और कानूनों को तर्कसंगत बनाने के लिए विधेयक पेश
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सोमवार को विधानसभा में अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करने और उन्हें तर्कसंगत बनाने, कारोबार को आसान बनाने तथा राज्य विधानमंडल के सदस्यों की पेंशन से जुड़े कानून में संशोधन के लिए विधेयक पेश किए।

श्रीनगर, 28 सितंबर (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने सोमवार को विधानसभा में अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करने और उन्हें तर्कसंगत बनाने, कारोबार को आसान बनाने तथा राज्य विधानमंडल के सदस्यों की पेंशन से जुड़े कानून में संशोधन के लिए विधेयक पेश किए।

कानून, न्याय और संसदीय मामलों का विभाग भी संभाल रहे मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कुछ कानूनों में संशोधन कर अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करने और उन्हें तर्कसंगत बनाने से जुड़ा विधेयक पेश किया। इसमें कुछ कानूनों को रद्द करने और उनसे जुड़े अन्य मामलों के प्रावधान भी शामिल हैं।

यह विधेयक जम्मू-कश्मीर विधानसभा के मौजूदा शरदकालीन सत्र के दौरान पेश किया गया। इसे एलए बिल नंबर 16 ऑफ 2026 के रूप में पेश किया गया है और यह पहले ही आधिकारिक राजपत्र के विशेष अंक में प्रकाशित हो चुका है।

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने विधानसभा में जम्मू-कश्मीर ईज ऑफ डूइंग बिजनेस बिल, 2026 भी पेश किया।

इसे एलए बिल नंबर 11 ऑफ 2026 के रूप में पेश किया गया है। विधेयक का उद्देश्य अनुमति आधारित व्यवस्था की जगह नियम आधारित शासन को बढ़ावा देना है, ताकि नागरिक और कारोबारी ज्यादा भरोसे के साथ योजना बना सकें, निवेश कर सकें और काम कर सकें।

इसके जरिए जम्मू-कश्मीर में कारोबार करने और जीवन को आसान बनाने, रोजगार पैदा करने, निवेश आकर्षित करने और लंबे समय तक आर्थिक विकास को बनाए रखने का लक्ष्य रखा गया है।

जम्मू-कश्मीर ईज ऑफ डूइंग बिजनेस बिल, 2026 को भी आधिकारिक राजपत्र के विशेष अंक में पहले ही प्रकाशित किया जा चुका है।

इसके अलावा मुख्यमंत्री ने जम्मू-कश्मीर स्टेट लेजिस्लेचर मेंबर्स पेंशन एक्ट, 1984 में संशोधन से जुड़ा विधेयक भी विधानसभा में पेश किया।

पेंशन कानून में संशोधन से जुड़े इस विधेयक को एलए बिल नंबर 15 ऑफ 2026 के रूप में पेश किया गया है। इसे भी आधिकारिक राजपत्र के विशेष अंक में प्रकाशित किया जा चुका है।

इस तरह विधानसभा के मौजूदा शरदकालीन सत्र में मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कानूनों को सरल और तर्कसंगत बनाने, कारोबार के लिए बेहतर माहौल तैयार करने और विधानमंडल के सदस्यों की पेंशन से जुड़े कानून में बदलाव के लिए तीन विधेयक पेश किए हैं।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   28 Sept 2026 11:37 PM IST

Tags

Next Story