मुंबई ऑनलाइन गेमिंग घोटाले में ईडी का शिकंजा, एक गिरफ्तार

मुंबई ऑनलाइन गेमिंग घोटाले में ईडी का शिकंजा, एक गिरफ्तार
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के मुंबई जोनल ऑफिस ने राम यू. रामधनी को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया है।

मुंबई, 6 अक्टूबर (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के मुंबई जोनल ऑफिस ने राम यू. रामधनी को प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया है।

यह गिरफ्तारी ऑल पैनल एक्सचेंज (एपीएक्स) के जरिए चलाए जा रहे ऑनलाइन गेमिंग/सट्टेबाजी घोटाले और उससे जुड़ी साइबर-धोखाधड़ी की गतिविधियों की चल रही जांच के सिलसिले में की गई है।

मुंबई की स्पेशल कोर्ट (पीएमएलए) ने आरोपी को सात दिनों के लिए ईडी की कस्टडी में भेजा था और बाद में आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

ईडी की जांच ऑनलाइन गेमिंग/सट्टेबाजी और साइबर धोखाधड़ी से जुड़ी दो एफआईआर के आधार पर शुरू की गई थी, जिनमें शिकायतकर्ताओं के साथ धोखाधड़ी हुई थी और उन्हें करोड़ों रुपयों का नुकसान हुआ था।

जांच से पता चला कि पैसे कई धोखाधड़ी के लिए इस्तेमाल होने वाले खातों के जरिए घुमाए गए और बाद में एडसम फिनटेक प्राइवेट लिमिटेड में ट्रांसफर किए गए, जिसे राम यू. रामधनी ने शुरू किया था और वही इसे कंट्रोल करता था। जांच के दौरान मिले सबूतों से पता चलता है कि कंपनी, उसके बिजनेस और पूरे कामकाज का मैनेजमेंट और कंट्रोल उसी के पास था।

जांच में यह भी पता चला है कि एडसम फिनटेक के बैंक अकाउंट्स कई साइबर क्राइम गतिविधियों से जुड़े थे, जिनमें ऑनलाइन गेमिंग, इन्वेस्टमेंट फ्रॉड, ऑनलाइन टास्क फ्रॉड, डिजिटल अरेस्ट और क्रिप्टो/यूएसडीटी से जुड़ी धोखाधड़ी शामिल हैं। एडसम फिनटेक प्राइवेट लिमिटेड के बैंक अकाउंट्स के जरिए सैकड़ों करोड़ रुपए घुमाए गए और उनकी कई लेयर्स बनाई गईं।

आगे की जांच से पता चला कि एडसम फिनटेक ने ईजबज, कैशफ्री, पाइनलैब्स जैसे पेमेंट गेटवे और मुस्लिम कोऑपरेटिव बैंक जैसे बैंकों के पेमेंट चैनलों के जरिए पे-इन/पे-आउट सर्विस दी।

गेमिंग/सट्टेबाजी/साइबर धोखाधड़ी से जुड़ा पैसा कई संस्थाओं और आखिर में एडसम फिनटेक के बैंकिंग/पेमेंट नेटवर्क के जरिए घुमाया गया। राम यू. रामधनी की गिरफ्तारी बैंक ट्रांजैक्शन के डिटेल्ड एनालिसिस, पीएमएलए के तहत दर्ज बयानों और जांच के दौरान इकट्ठा किए गए अन्य दस्तावेजी और डिजिटल सबूतों के आधार पर की गई है।

इससे पहले ईडी ने इस मामले में पुणे, मुंबई और बेंगलुरु में कई जगहों पर तलाशी ली थी। तलाशी के दौरान, कई अहम दस्तावेज मिले और अलग-अलग बैंक खातों में जमा लगभग 60 लाख रुपए की रकम को फ्रीज कर दिया गया। ईडी की ओर से इस मामले से संबंधित आगे की जांच चल रही है।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   6 Oct 2026 7:37 PM IST

Tags

Next Story