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इस वित्तीय वर्ष में पत्रकारों को पत्रकार कल्याण कोष से 47.69 लाख रूपए की आर्थिक मदद : बीते पांच सालों की तुलना में इस वर्ष सर्वाधिक मदद!

इस वित्तीय वर्ष में पत्रकारों को पत्रकार कल्याण कोष से 47.69 लाख रूपए की आर्थिक मदद : बीते पांच सालों की तुलना में इस वर्ष सर्वाधिक मदद!

डिजिटल डेस्क | पत्रकार कल्याण कोष से अब 2 लाख रूपए तक की सहायता का प्रावधान रायपुर, 19 फरवरी 2021 छत्तीसगढ़ के पत्रकारों को पत्रकार कल्याण कोष से इस वित्तीय वर्ष में 43 पत्रकारों को 47 लाख 69 हजार रूपए की आर्थिक मदद दी गई है, जो बीते पांच वर्षाें में पत्रकारों को दी गई सहायता से सर्वाधिक है। इस सहायता राशि से गंभीर बीमारी से पीडि़त पत्रकारों एवं उनके परिजनों को इलाज एवं आर्थिक संकट की स्थिति में मदद मिली है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप छत्तीसगढ़ शासन द्वारा पत्रकारों को मदद पहुंचाने के उद्देश्य से पत्रकार कल्याण कोष नियम में व्यापक संशोधन किया गया है। संशोधित नियम में पत्रकारों और उनके परिजनों को बीमारियों के इलाज एवं आर्थिक संकट की स्थिति में 2 लाख रूपए तक की मदद किए जाने का प्रावधान किया गया है।

इससे पूर्व पत्रकार कल्याण कोष से पत्रकारों को अधिकतम 50 हजार रूपए तक सहायता दिए जाने का प्रावधान था। पत्रकार कल्याण कोष से इस वित्तीय वर्ष में माह फरवरी 2021 तक पत्रकारों को 47.69 लाख रुपए की आर्थिक मदद दी गई है, जबकि वर्ष 2019-20 में 32.19 लाख रुपए की आर्थिक सहायता पत्रकारों को दी गई थी। पत्रकार कल्याण कोष से वर्ष 2018-19 में 14.43 लाख रुपए, वर्ष 2017-18 में 18.41 लाख रुपए तथा वर्ष 2016-17 में 16.99 लाख रुपए की मदद दी गई थी। ज्ञातव्य है कि पत्रकार कल्याण कोष से प्रदेश में कार्यरत पत्रकारों एवं उनके परिजनों को गंभीर बीमारी के इलाज, वृद्धावस्था में आर्थिक संकट, दैवीय विपत्ति आदि कारणों पर आर्थिक सहायता दी जाती है। पत्रकार सहायता कोष के नियम में संशोधन उपरांत उन्हें दंगा, बाढ़ आदि के समाचार कवरेज के दौरान कैमरा, उपकरण आदि के नुकसान और श्रमजीवी पत्रकार की असामयिक मृत्यु तथा परिवार में अन्य कमाने वाला पारिवारिक सदस्य न होने की स्थिति में भी आर्थिक सहायता दिए जाने का प्रावधान किया गया है।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।