बालाघाट: मनी डबलिंग का मामला: 8 आरोपी गए जेल, समर्थन में लोगों ने की नारेबाजी

May 19th, 2022

डिजिटल डेस्क, बालाघाट।कम समय में रुपए दोगुने करने के खेल में बुधवार को 8 आरोपियों को न्यायालय में पेश कर बालाघाट जेल भेज दिया गया। एक दिन पहले बालाघाट पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए लांजी व किरनापुर के अलग-अलग ठिकानों में दबिश देकर 11 आरोपियों को 10 करोड़ की नकद राशि, 16 मोबाइल व अहम दस्तावेजों के साथ गिरफ्तार किया था। वहीं, बुधवार को 11 में से 8 आरोपियों को न्यायालय में पेश कर 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। मंगलवार शाम पहले ही 3 आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं। हालांकि, बुधवार को कोर्ट परिसर के बाहर उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब आरोपियों को जेल भेजते वक्त बड़ी संख्या में जनता मुख्य आरोपी सोमेंद्र कंकरायने, हेमराज आमाडारे तथा अजय तिड़के के समर्थन में नारेबाजी करने लगे और उन्हें रिहा करने की मांग करने लगे। 
जनता के मसीहा बन बैठे आरोपी
दरअसल, लांजी व किरनापुर क्षेत्र में पैसे डबल करने के खेल में लिप्त मुख्य आरोपियों के प्रति जनता की सहानुभूति इसलिए कोर्ट परिसर के बाहर फूट पड़ी, क्योंकि आरोपियों ने उनके पैसे दो से तीन गुने किए हैं, वह भी गैर कानूनी ढंग से। जिन लोगों को तथा व्यापारियों को उनकी राशि दो-तिगुनी मिली, उनके लिए आरोपी मसीहा बन गए। हंगामे के दौरान आरोपी सोमेंद्र, हेमराज और अजय की नेताओं से ज्यादा लोकप्रियता नजर आई।
समर्थन करना एजेंट मानने का आधार, इसमें सजा का प्रावधान
इस संबंध में पुलिस अधीक्षक समीर सौरभ ने चर्चा के दौरान कहा कि अनिमित जमा योजना प्रतिबंद्ध अनियियम-2019 के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जो गलत ढंग से लोगों से पैसे जमा कर रहे थे, लेकिन लोगों का किसी भी कारण से आरोपियों का समर्थन करना, उन्हें एजेंट मानने का आधार बन सकता है। उक्त अधिनियम में ऐसे एजेंटों के खिलाफ 5 साल तक की सजा का प्रावधान है। पुलिस ऐसे समर्थकों को चिन्हित कर रही है। उनके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। 
एसआईटी का होगा गठन
जानकारी के अनुसार, बहुचर्चित पैसा डबल करने के इस मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआईटी गठित करने की जानकारी है। बताया गया कि अभी एसआईटी के गठन को लेकर निर्देश प्राप्त नहीं हुए हैं, लेकिन ये तय माना जा रहा है कि मामले के तह तक जाने और इस खेल से जुड़े अन्य आरोपियों की धरपकड़ के लिए जल्द एसआईटी का गठन किया जाएगा। 
भविष्य की तबाही को रोकना जरूरी था 
एसपी श्री सौरभ ने कहा कि आरोपियों ने कई लोगों से पैसे डबल करने के नाम पर बड़ी राशि जमा की थी। इस खेल को खत्म करना और भविष्य की तबाही को रोकना बेहद जरूरी था। अभी भी कई लोगों की राशि फंसी है, जिन्हें नियमानुसार राशि लौटाई जाएगी। इसके लिए वे पुलिस के पास शिकायत दर्ज कराएं और ऐसे किसी भी झांसे में फंसने से बचें।   
जरूरत पड़ी तो और करेंगे पूछताछ
जानकारी के अनुसार, बालाघाट पुलिस ने प्रारंभिक स्तर पर आरोपियों से पैसे दोगुने के खेल से जुड़ी अहम पूछताछ की है। आरोपी फिलहाल 14 दिन की न्यायिक अभिरक्षा में हैं, लेकिन पुलिस आवश्यता पडऩे पर न्यायिक अभिरक्षा में भी उनसे पूछताछ कर सकती है।हैडिंग- मनी डबलिंग का मामला: 8 आरोपी गए जेल, समर्थन में लोगों ने की नारेबाजी