दैनिक भास्कर हिंदी: 15 से खुलेंगे नागपुर यूनिवर्सिटी से जुड़े कॉलेज, पीजी में बढ़ेंगी 20 प्रतिशत सीटें

February 10th, 2021

डिजिटल डेस्क, नागपुर। राष्ट्रसंत तुकड़ोजी महाराज नागपुर विश्वविद्यालय से संलग्नित कॉलेज 15 फरवरी से 50 प्रतिशत विद्यार्थी क्षमता के साथ शुरू होंगे।   यूनिवर्सिटी की एकेडमिक काउंसिल ने यह फैसला लिया है। जिन पाठ्यक्रमों में प्रैक्टिकल मोड में पढ़ाई जरूरी होती है, उनके  विद्यार्थियों को कॉलेज में होने वाली प्रत्यक्ष कक्षा में आना होगा। वहीं जिन पाठ्यक्रमों में थ्यौरी आधारित पढ़ाई होती है उनकी ऑनलाइन कक्षाएं शुरू रहेंगी। यूनिवर्सिटी कुलगुरु डॉ. सुभाष चौधरी ने कहा है कि राज्य सरकार द्वारा कॉलेज शुरू करने के संबंध में जारी जीआर को ही विवि की एकेडमिक काउंसिल ने स्वीकृत किया है। कॉलेज सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों के साथ शुरू किए जा रहे हैं।

यूनिवर्सिटी केंद्रीय पद्धति से मिलेंगे प्रवेश
बैठक में नागपुर यूनिवर्सिटी ने संलग्नित कॉलेजों में पीजी की 20 प्रतिशत सीटें बढ़ाने का फैसला किया है। यूनिवर्सिटी कुलगुरु डॉ. चौधरी के अनुसार जो भी कॉलेज अपने यहां सीटें बढ़ाने को तैयार हैं, उन्हें सीटें बढ़ाकर दी जाएंगी। लेकिन इन सीटों पर विश्वविद्यालय केंद्रीय प्रवेश पद्धति से प्रवेश देगा। जो विद्यार्थी पहले ही प्रवेश प्राप्त कर चुके हैं, उन्हे इस राउंड में शामिल होने का मौका नहीं मिलेगा। सीटें सिर्फ कॉलेजों के पीजी विभागों में बढ़ेंगी, विश्वविद्यालय के कैंपस में स्थित पीजी विभागों में सीटें नहीं बढ़ेंगी।

लगातार हो रही कॉलेज खोलने की मांग 
उल्लेखनीय है कि बीते मार्च में लॉकडाउन लगने के बाद से ही कॉलेजों में प्रत्यक्ष कक्षाएं बंद हैं। विद्यार्थियों को ऑनलाइन मोड में पढ़ाया जा रहा है। लेकिन बीते कुछ समय से विद्यार्थी संगठनों की ओर से लगातार कॉलेज शुरू करने की मांग की जा रही थी। दरअसल राज्य सरकार काफी पहले स्कूल शुरू करा चुकी है, लेकिन कॉलेज शुरू करने पर राज्य सरकार का कोई फैसला नहीं आ रहा था। कुछ ही दिनों पूर्व राज्य सरकार ने चरणबद्ध तरीके से 15 फरवरी से कॉलेज शुरू करने का फैसला लिया था। अपने नागपुर दौरे पर आए उच्च शिक्षा मंत्री उदय सामंत ने सफाई दी थी कि कोरोना संक्रमण के चलते अनेक कॉलेजों की इमारतें क्वारेंटाइन सेंटर के रूप मंे  अधिगृहीत की गई थी। ऐसी स्थिति में कॉलेज शुरू करना संभव नहीं था। अब हालात सामान्य होते जा रहे हैं। जिसे देखते हुए सरकार ने यह कॉलेज शुरू करने को अनुमति दी थी। अब नागपुर विश्वविद्यालय ने इस पर अमल कर लिया है।