दैनिक भास्कर हिंदी: जहर देकर मारा था मादा बाघ टी-20 को - आधा दर्जन आरोपी हिरासत में 

October 28th, 2019

डिजिटल डेस्क सीधी। संजय टाईगर रिजर्व के दुबरी अभ्यारण्य में दस दिन पहले मादा बाघ टी-20 की हुई संदिग्ध मौत से पर्दा हटने लगा है। जांच के दौरान पाया गया कि बाघिन को शिकार में  जहर मिलाकर मौत के घाट उतारा गया था। बाघिन की मौत के मामले में 7 आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछतांछ की जा रही है। 
केवल कंकाल बचा था बाघिन का
बता दें कि पिछले 17 अक्टूबर को संजय टाईगर रिजर्व के चिरचिरी खोह में मादा बाघिन पी-20 का शव संदिग्ध हालत में मिला था। इसके पहले पखवाड़े भर से बाघिन के गले में लगाये गये कालर आईडी से लोकेशन ट्रेस नहीं हो रही थी। उक्त दिनांक को जब बाघिन के शव को विभागीय अमले ने बरामद किया तो केवल कंकाल भर बचा था। घटना की जानकारी मिलने पर टाईगर रिजर्व के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच प्रक्रिया शुरू कर दी थी। शव परीक्षण के लिये डाक्टरों की टीम भी मौके पर पहुंची थी जहां बाद में जांच के दौरान पाया गया कि बाघिन की मौत बीमारी अथवा अन्य कारणों से नहीं बल्कि जहर देने से हुई थी। बताया गया है कि जांच कर रही टीम द्वारा पाया गया कि जहां बाघिन की मौत हुई थी वहीं पर बाघिन ने पशु का शिकार किया था किंतु शिकार को मौके पर ही छोड़ दिया था। वन अमले ने बाघिन के मौत मामले में जिन सात संदिग्ध आरोपियो को हिरासत में लिया है उनमे ंसे ही एक ने शिकार किये गये पशु के शरीर में जहर मिला दिया था। बाद में  जब बाघिन शिकार खाने आई तो जहर उसके शरीर में फैल गया जिससे उसकी मौत हो गई। सहायक संचालक संजय टाईगर रिजर्व के अनुसार   बाघिन को मारने के लिये उपयोग किये गये जहर की डिब्बी बरामद हो गई है। आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में लेकर पूछतांछ की जा रही है। फिलहाल चिरचिरीखोह में मिले मादा बाघिन टी-20 के शव के बाद ही माना जा रहा था कि बाघिन की मौत नहीं बल्कि हत्या की गई है। विभाग द्वारा की जा रही जांच के बाद धीरे-धीरे मोैत से पर्दा उठने लगा है। 
इनका कहना है-
दस दिन पहले मादा बाघ टी-20 की मौत के मामले में की जा रही जांच से पता चला है कि उसे जहर देकर मारा गया है। जांच में जहर की डिब्बी बरामद कर ली गई है। सात संदिग्ध आरोपियों केा गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में लेकर पूछतांछ की जा रही है। पूछतांछ मे आरोपियों ने बताया कि मवेशी के शिकार बाद यह कदम उठाया गया है। अभी जांच चल रही है। 
जया पाण्डेय
सहायक संचालक, संजय टाईगर रिजर्व सीधी।