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केरल: इडुक्की में भूस्खलन से अब तक 48 लोगों की मौत, कई हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात, भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी

केरल: इडुक्की में भूस्खलन से अब तक 48 लोगों की मौत, कई हिस्सों में बाढ़ जैसे हालात, भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी

हाईलाइट

  • इडुक्की में हुए भूस्खलन में मरने वालों की संख्या 48 हुई
  • तीन जिलों में 11 अगस्त तक भारी बारिश का रेड अलर्ट

डिजिटल डेस्क, तिरुवनंतपुरम। केरल में भारी बारिश के लोगों को कहीं बाढ़ तो कहीं भूस्खलन की समस्याओं से जूझ रहे हैं। राज्य में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण बीते शुक्रवार (7 अगस्त) को इडुक्की जिले के राजामाला में हुए भीषण भूस्खलन में मरने वालों का आंकड़ा 48 तक पहुंच गया है। सोमवार को पांच शव बरामद किए गए हैं, जबकि रविवार को मलबे से 17 शव निकाले गए। वहीं राज्य के कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न होने के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। वहीं कुछ जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। 

गौरतलब है कि, भारी बारिश के कारण बीते शुक्रवार को इडुक्की जिले के राजामाला में भूस्खलन हुआ था। भूस्खलन ऐसी जगह पर हुआ था, जहां चाय बागान में काम करने वाले मजदूर रहते थे। यह स्थान एक पहाड़ी के चोटी पर है। चाय बागानों में काम करने वाले लगभग 80 मजदूर शिविर बनाकर रहते थे। मजदूरों की लगभग एक बड़ी कॉलोनी बनी हुई थी। भूस्खलन के बाद मलबा इन मजदूरों के घरों के ऊपर गिरा। बताया गया कि अधिकांश मजदूर तमिलनाडु के रहने वाले थे। हालांकि घटना के तुरंत बाद से ही राहत बचाव कार्य जारी रहा। बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ, केरल पुलिस, मेडिकल टीम और दमकल विभाग की टीमों को तैनात किया गया था।  

केंद्र और राज्य सरकार ने किया मुआवजे का ऐलान
केरल सरकार ने मृतकों के परिवारों को 5-5 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है। वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रत्येक परिवार को 2-2 लाख रुपये की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया है। तमिलनाडु के सीएम पलानीस्वामी ने भी मदद की पेशकश की है। रविवार को पलानीस्वामी ने ट्वीट कर कहा, 'मैंने केरल के मुख्यमंत्री कार्यालय से भारी बारिश और भूस्खलन से हुए जान-माल के भयावह नुकसान के बारे में बात की। मैंने बचाव और राहत अभियानों में सहयोग देने का वादा किया।

राज्य के कई हिस्सों में बाढ़ जैसी स्थिति
भारी बारिश और कई बांधों के खोले जाने से केरल की कई नदियों का जल स्तर बढ़ गया है, जिससे बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है। कोट्टयम जिले के मनारकाड में बाढ़ में एक टैक्सी चालक बह गया, जिसका शव बरामद कर लिया गया है।

मौसम विभाग ने केरल के इडुक्की, मलप्पुरम और वायनाड में 11 अगस्त तक के लिए भारी भारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।