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175 करोड़ के ठेके के एवज में सरनाईक को मिले थे 7 करोड़, करीबी चंदोले गिरफ्तार 

175 करोड़ के ठेके के एवज में सरनाईक को मिले थे 7 करोड़, करीबी चंदोले गिरफ्तार 

डिजिटल डेस्क, मुंबई। शिवसेना विधायक प्रताप सरनाईक की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। प्रवर्तन निदेशालय के सूत्रों के मुताबिक टॉप्स ग्रुप को एमएमआरडीए के लिए सुरक्षारक्षक मुहैया करना के जुड़ा 175 करोड़ रुपए का ठेका दिलाने के बदले सरनाईक को सात करोड़ रुपए मिले हैं। ईडी ने सरनाईक के करीबी अमित चंदोले को गिरफ्तार किया है जो कथित तौर उनकी ओर से हर महीने टॉप्स ग्रुप से छह लाख रुपए लेने जाता था। उसे पीएमएलए कानून की धारा 3 और 4 के तहत गिरफ्तार किया गया है। गुरूवार को कोर्ट में पेशी के बाद उसे 29 नवंबर तक ईडी की हिरासत में भेज दिया गया है। ईडी चंदोले से लंदन में खरीदी गई कुछ संपत्तियों के मामले में भी पूछताछ करना चाहती है। चंदोले विगंह एडवर्टाइजिंग का निदेशक है इसके अलावा सरनाईक परिवार की कई कंपनियों में वह निदेशक है। मंगलवार को ईडी ने चंदोले के घर पर भी छापेमारी की थी। टॉप्स ग्रुप के प्रमोटर राहुल नंदा ने सरनाईक से दोस्ती की बात स्वीकार की थी लेकिन उन्होंने पैसों के किसी तरह के लेन देन से इनकार किया था। अब चंदोले की गिरफ्तारी के बाद उनकी भी मुश्किलें बढ़ सकतीं हैं। 

ईडी ने फिर जारी किया समन

वहीं गोवा से लौटने के चलते सरनाईक और उनके बेटे विहंग ने क्वारेंटाईन का हवाला देते हुए पेशी से एक हफ्ते की मोहलत मांगी थी लेकिन ईडी ने मोहलत देने से इनकार कर दिया। विहंग को गुरूवार को फिर पूछताछ के लिए बुलाया गया था लेकिन वे नहीं पहुंचे थे। इसके बाद जांच एजेंसी ने फिर समन भेजकर उन्हें शुक्रवार को पूछताछ के लिए हाजिर रहने को कहा है। इसके अलावा सरनाईक को भी मोहलत देने के इनकार करते हुए जांच एजेंसी ने फिर समन भेजकर पूछताछ के लिए हाजिर रहने को कहा है। 

एमएमआरडीए को 105 करोड़ का चूनाः किरीट सोमैया

भाजपा नेता किरीट सोमैया गुरूवार को मुंबई के येलो गेट पुलिस स्टेशन पहुंचे जहां मुंबई पुलिस ने टॉप्स ग्रुप के पूर्व कर्मचारियों की शिकायत के आधार पर मामले में राहुल नंदा और दूसरे आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। यह एफआईआर बेलार्ड पीयर कोर्ट के आदेश के आधार पर दर्ज की गई थी। सोमैया ने दावा किया कि सैकड़ों करोड़ रुपयों का गबन कर विदेश भेज दिया गया लेकिन मुंबई पुलिस ने छानबीन तक नहीं शुरू की। सौमैया ने यह भी दावा किया कि प्रताप सरनाईक की कंपनियों ने एमएमआरडीए को 105 करोड़ का चूना लगाया लेकिन उसने मामले में कोई शिकायत नहीं की। 

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।