दिल्ली विश्वविद्यालय: आ रही है डीयू की पांचवी कट ऑफ, अब फुल हो सकती हैं सभी सीटें

November 8th, 2021

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय द्वारा यूजी दाखिले के लिए सोमवार शाम 8 नवंबर को 5वीं कटऑफ लिस्ट जारी की जाएगी। दिल्ली विश्वविद्यालय के अलग अलग कॉलेजों द्वारा कटऑफ जारी की जा रही है। दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक कटऑफ लिस्ट दिल्ली विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर भी जारी की जाएगी।

दिल्ली विश्वविद्यालय में यूजी पाठ्यक्रमों में दाखिले की प्रक्रिया 15 नवंबर तक चलेगी। विश्वविद्यालय में अंडर ग्रेजुएट पाठ्यक्रमों के लिए कुल 70,000 सीटें उपलब्ध हैं। इनमें से करीब 68,000 सीटों पर दाखिले पूरे किए जा चुके हैं। विश्वविद्यालय को अभी तक 2 लाख 14 हजार आवेदन प्राप्त हुए हैं। 5वी कट ऑफ लिस्ट शेष बची 2000 सीटों के लिए जारी की जा रही है। 5वीं कटऑफ सूची के तहत दिल्ली विश्वविद्यालय में 9 और 10 नवंबर को विभिन्न यूजी पाठ्यक्रमों में दाखिले लिए जाएंगे। फीस भरने की अंतिम तिथि 12 नवंबर है।

दिल्ली विश्वविद्यालय में पहली कटऑफ लिस्ट एक अक्टूबर को जारी की गई थी, इसके आधार पर दाखिले 4 अक्टूबर से शुरू हुए थे। दिल्ली विश्वविद्यालय में दूसरी कटऑफ लिस्ट 9 अक्टूबर को और तीसरी कटऑफ 16 अक्टूबर को जारी की गई। इसके बाद दिल्ली विश्वविद्यालय की स्पेशल कटऑफ 25 अक्टूबर को आई। दिल्ली विश्वविद्यालय चौथी कटऑफ 30 अक्टूबर को और आई थी, अब पांचवीं कटऑफ 8 नवंबर को जारी की जा रही है। कई पाठ्यक्रमों के लिए पहली कटऑफ 100 फीसद रही, दूसरी और तीसरी कटऑफ भी बस कुछ ही नीचे आई। चौथी कटऑफ में भी 1 से 3 प्रतिशत का अंतर आया है।

दिल्ली विश्वविद्यालय एग्जीक्यूटिव काउंसिल के सदस्य अशोक अग्रवाल ने कहा कि कटऑफ के आधार पर दाखिला देने की इस प्रक्रिया में कई मेधावी छात्र दाखिले से वंचित रह जाते हैं। इसलिए विश्वविद्यालय को अब संयुक्त प्रवेश परीक्षा के आधार पर दाखिला प्रक्रिया अपनानी चाहिए। इस वर्ष बड़ी संख्या में केरल के छात्रों को यहां विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिला मिला है। अब तक जिन छात्रों को कॉलेजों में दाखिला नहीं मिल सका, उनके लिए इवनिंग कॉलेज भी एक विकल्प है। दिल्ली विश्वविद्यालय के कई कॉलेजों में दो शिफ्ट हैं जिनमें से एक मॉनिर्ंग और दूसरी इवनिंग है। दिल्ली विश्वविद्यालय के इवनिंग कालेजों की संख्या बढ़ाने पर विचार किया जा रहा है। हालांकि कुलपति प्रोफेसर योगेश सिंह का कहना है कि फिलहाल इस पर कोई निर्णय नहीं लिया गया है। अगले वर्ष इसपर विचार होगा।

(आईएएनएस)