'कितनी प्यारी बच्ची है', शबाना आजमी ने शेयर की बचपन की ब्लैक एंड व्हाइट तस्वीर

कितनी प्यारी बच्ची है, शबाना आजमी ने शेयर की बचपन की ब्लैक एंड व्हाइट तस्वीर
हिंदी सिनेमा की सीनियर अभिनेत्री शबाना आजमी सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहती हैं और अपनी जिंदगी के कुछ यादगार पलों को अपने प्रशंसकों के साथ शेयर करती रहती हैं। सोमवार को अभिनेत्री ने अपने बचपन के दिनों की एक अनदेखी तस्वीर इंस्टाग्राम पर शेयर की।

मुंबई, 18 मई (आईएएनएस)। हिंदी सिनेमा की सीनियर अभिनेत्री शबाना आजमी सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहती हैं और अपनी जिंदगी के कुछ यादगार पलों को अपने प्रशंसकों के साथ शेयर करती रहती हैं। सोमवार को अभिनेत्री ने अपने बचपन के दिनों की एक अनदेखी तस्वीर इंस्टाग्राम पर शेयर की।

पोस्ट की गई ब्लैक एंड व्हाइट तस्वीर में शबाना बच्चों के एक ग्रुप के साथ बैठी नजर आ रही हैं। वहीं, सभी बच्चे कैमरे की तरफ देखते हुए मुस्करा रहे हैं।

अभिनेत्री ने तस्वीर पोस्ट कर लिखा, "यह तस्वीर मुझे कल सज्जाद जहीर की पोती ने भेजी। यह 1955 की तस्वीर है, जो रेड फ्लैग हॉल में हमारे साथ बिताए गए दिनों की याद दिलाती है।"

अभिनेत्री की इस तस्वीर को उनके चाहने वालों का काफी प्यार मिल रहा है। वहीं, इंडस्ट्री से जुड़े उनके दोस्त भी कमेंट सेक्शन में प्रतिक्रिया देने से खुद को रोक नहीं पा रहे हैं। दिया मिर्जा ने हार्ट इमोजी के साथ प्रतिक्रिया दी, जबकि दिव्या दत्ता ने लिखा, "ये शरारती बच्ची कितनी प्यारी है।"

शबाना ने अपने कैप्शन में सज्जाद जहीर का जिक्र किया, जो एक प्रसिद्ध उर्दू लेखक थे और थिएटर की दिग्गज कलाकार नादिरा बब्बर के पिता थे। सज्जाद जहीर भारत में 'प्रगतिशील लेखक संघ' और आईपीटीए (इंडियन पीपुल्स थिएटर एसोसिएशन) के प्रमुख संस्थापकों में से एक थे। शबाना आजमी के पिता, महान शायर कैफी आजमी, उनके विचारों से प्रेरित थे और उनके करीबी सहयोगी भी रहे।

सज्जाद जहीर की बेटी नादिरा बब्बर एक प्रसिद्ध थिएटर हस्ती और अभिनेत्री हैं। उनका संबंध भी शबाना आजमी के परिवार से इसी साहित्यिक और सांस्कृतिक पृष्ठभूमि के जरिए जुड़ा रहा है।

अभिनेत्री जल्द ही राजकुमार संतोषी की आगामी एक्शन ड्रामा फिल्म 'लाहौर 1947' में नजर आएंगी। आमिर खान के प्रोडक्शन हाउस द्वारा निर्मित इस फिल्म में सनी देओल, प्रीति जिंटा, अली फजल और करण देओल मुख्य भूमिकाओं में दिखाई देंगे।

यह फिल्म प्रसिद्ध नाटककार असगर वजाहत के चर्चित नाटक 'जिस लाहौर नईं वेख्या ओ जम्याइ नी' पर आधारित है। यह भारत-विभाजन के दौर की एक संवेदनशील और भावनात्मक कहानी है।

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Created On :   18 May 2026 3:10 PM IST

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