फ्लाइट में भी कर सकते हैं योग, यहां समझें आयुष मंत्रालय का 'इन-फ्लाइट योग' रूटीन

फ्लाइट में भी कर सकते हैं योग, यहां समझें आयुष मंत्रालय का इन-फ्लाइट योग रूटीन
लंबी फ्लाइट के दौरान होने वाली थकान, पीठ-गर्दन में अकड़न और तनाव को कम करने के लिए आयुष मंत्रालय ने एक आसान और उपयोगी तरीका सुझाया है। मंत्रालय ने इन-फ्लाइट योगा (फ्लाइट में योग) का 5 मिनट का छोटा रूटीन तैयार किया है, जिसे यात्री अपनी सीट पर बैठे-बैठे कर सकते हैं।

नई दिल्ली, 15 अप्रैल (आईएएनएस)। लंबी फ्लाइट के दौरान होने वाली थकान, पीठ-गर्दन में अकड़न और तनाव को कम करने के लिए आयुष मंत्रालय ने एक आसान और उपयोगी तरीका सुझाया है। मंत्रालय ने इन-फ्लाइट योगा (फ्लाइट में योग) का 5 मिनट का छोटा रूटीन तैयार किया है, जिसे यात्री अपनी सीट पर बैठे-बैठे कर सकते हैं।

इन-फ्लाइट योगा में हल्की कसरत और ब्रीदिंग एक्सरसाइज शामिल हैं। इससे रक्त संचार बेहतर होता है, शरीर में तनाव कम होता है और लंबी यात्रा के दौरान होने वाली परेशानियां घटती हैं। मंत्रालय का मानना है कि इन आसान योग अभ्यासों से लंबी उड़ानों को अधिक आरामदायक और स्वास्थ्यवर्धक बनाया जा सकता है। विशेष रूप से जो यात्री अक्सर हवाई यात्रा करते हैं, उनके लिए यह रूटीन बहुत फायदेमंद साबित हो सकता है।

इसी कड़ी में मंत्रालय कई योगासन को फ्लाइट में करने की सलाह दे चुका है। हाल ही में मंत्रालय ने खासतौर पर शीतली प्राणायाम की सिफारिश की है। यह सरल सांस का अभ्यास यात्रा की थकान कम करने, मन को शांत रखने और शरीर का तापमान नियंत्रित करने में बहुत मदद करता है।

आयुष मंत्रालय के अनुसार, ये अभ्यास लंबी उड़ानों में यात्रियों की सुविधा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर बनाए गए हैं। सिर्फ कुछ मिनट की सचेत सांस लेने और हल्की एक्सरसाइज से यात्री तरोताजा महसूस कर सकते हैं।

हालांकि, इस दौरान कुछ सावधानी बरतने की भी जरूरत है। मंत्रालय ने महत्वपूर्ण डिस्क्लेमर भी जारी किया, जिसमें स्पष्ट रूप से कहा है कि फ्लाइट में योग करना पूरी तरह से यात्री की अपनी मर्जी पर निर्भर है। कोई भी योग या शारीरिक गतिविधि शुरू करने से पहले स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें, खासकर अगर आपको कोई पुरानी बीमारी, चोट या गर्भावस्था में हों।

साथ ही, हमेशा अपनी और साथी यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें। आइल या इमरजेंसी एग्जिट को कभी ब्लॉक न करें। जब सीटबेल्ट का साइन ऑन हो या टर्बुलेंस हो, तब कोई भी मूवमेंट न करें। हमेशा केबिन क्रू के निर्देशों का पालन करें और इन-फ्लाइट सेफ्टी प्रोटोकॉल का पूरा ध्यान रखें।

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Created On :   15 April 2026 10:47 AM IST

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