बलूचिस्तान में बीएलएफ के दो हमलों का दावा, कई सुरक्षाकर्मी हताहत

बलूचिस्तान में बीएलएफ के दो हमलों का दावा, कई सुरक्षाकर्मी हताहत
बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (बीएलएफ) ने बलूचिस्तान के तुर्बत और पंजगुर क्षेत्रों में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को निशाना बनाकर दो हमले करने का दावा किया है। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इन हमलों में हताहतों के साथ-साथ ढांचागत नुकसान भी हुआ है।

क्वेटा, 4 मार्च (आईएएनएस)। बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट (बीएलएफ) ने बलूचिस्तान के तुर्बत और पंजगुर क्षेत्रों में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को निशाना बनाकर दो हमले करने का दावा किया है। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इन हमलों में हताहतों के साथ-साथ ढांचागत नुकसान भी हुआ है।

बीएलएफ के प्रवक्ता मेजर ग्वाहराम बलोच ने मीडिया को जारी बयान में कहा कि संगठन के लड़ाकों ने मंगलवार को पंजगुर जिले के चितकान इलाके में पाकिस्तान की एफसी मुख्यालय के भीतर मौजूद खुफिया कार्यालयों पर ग्रेनेड लांचर से नौ राउंड दागे। संगठन ने दावा किया कि इस हमले में भारी जनहानि और व्यापक नुकसान हुआ।

एक अन्य घटना में प्रवक्ता ने बताया कि तुर्बत के अब्सर क्षेत्र में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के एक काफिले को निशाना बनाया गया। काफिले में दो वाहन और मोटरसाइकिलें शामिल थीं। बयान के अनुसार, कोहदा यूसुफ इलाके से गुजरते समय रिमोट कंट्रोल से संचालित आईईडी विस्फोट कर एक सैन्य वाहन को उड़ा दिया गया, जिसमें तीन सुरक्षाकर्मियों की मौत हो गई और दो अन्य घायल हो गए।

बीएलएफ ने दोनों हमलों, चितकान स्थित एफसी मुख्यालय के खुफिया दफ्तर पर ग्रेनेड हमले और अब्सर में सैन्य काफिले पर आईईडी हमले की जिम्मेदारी ली है।

इसी बीच, पाकिस्तानी सेना ने बलूचिस्तान के खुज़दार जिले के ज़ेहरी इलाके में कर्फ्यू लगा दिया है। कर्फ्यू के कारण बाजार, व्यावसायिक प्रतिष्ठान और सार्वजनिक परिवहन बंद हैं तथा लोगों की आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। इससे हजारों लोग अपने घरों में रहने को मजबूर हैं और जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।

स्थानीय सूत्रों के हवाले से खबर है कि कर्फ्यू के चलते आटा, दूध, सब्जियां और दवाइयों जैसी आवश्यक वस्तुओं की भारी कमी हो गई है। दिहाड़ी मजदूरों को विशेष रूप से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि उनकी रोज़ी-रोटी पर सीधा असर पड़ा है।

रमज़ान के पवित्र महीने के मद्देनज़र, स्थानीय निवासियों ने पाकिस्तानी प्रशासन से मानवीय आधार पर कर्फ्यू हटाने और लोगों को आवश्यक वस्तुओं व चिकित्सा सुविधाओं तक पहुंच देने की मांग की है। बताया जा रहा है कि आवाजाही पर प्रतिबंध के कारण मरीजों को अस्पताल पहुंचने में भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, ज़ेहरी क्षेत्र में इससे पहले भी एक महीने तक कर्फ्यू लगाया गया था, जिसके दौरान ड्रोन हमलों में जनहानि और संपत्ति का नुकसान हुआ था। वहीं, नोश्की जिले में भी कर्फ्यू जारी रहने की खबर है, जिससे वहां के निवासियों को लगातार कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   4 March 2026 1:30 PM IST

Tags

और पढ़ेंकम पढ़ें
Next Story