अमित शाह का आरबीआई और सहकारी बैंकों को संदेश, आपसी भरोसे से मजबूत होगा सेक्टर

अमित शाह का आरबीआई और सहकारी बैंकों को संदेश, आपसी भरोसे से मजबूत होगा सेक्टर
केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने हाल के वर्षों में शहरी सहकारी बैंकों के प्रति सहयोगात्मक रवैया अपनाया है। उन्होंने दोनों पक्षों से एक-दूसरे के प्रति लंबे समय से बनी धारणाओं से आगे बढ़कर इस क्षेत्र को मजबूत बनाने की अपील की।

मुंबई, 8 अगस्त (आईएएनएस)। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने हाल के वर्षों में शहरी सहकारी बैंकों के प्रति सहयोगात्मक रवैया अपनाया है। उन्होंने दोनों पक्षों से एक-दूसरे के प्रति लंबे समय से बनी धारणाओं से आगे बढ़कर इस क्षेत्र को मजबूत बनाने की अपील की।

मुंबई में नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के नए कार्यालय भवन के उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा कि शहरी सहकारी बैंक और आरबीआई को अधिक विश्वास और भरोसे के साथ मिलकर काम करना चाहिए।

उन्होंने कहा कि जब भी सरकार और सहकारी बैंकिंग क्षेत्र ने सकारात्मक तरीके से आरबीआई से संपर्क किया, तब केंद्रीय बैंक ने भी सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है।

अमित शाह ने आरबीआई द्वारा उठाए गए कई कदमों का उल्लेख किया। इनमें शाखाओं के विस्तार संबंधी नियमों में ढील देना, घर-घर बैंकिंग सेवाओं की अनुमति देना, यूसीबी को डिमांड ड्राफ्ट और जीवन प्रमाण पत्र जारी करने की अनुमति देना तथा इस क्षेत्र के लिए एक समर्पित नोडल अधिकारी की नियुक्ति शामिल है।

उन्होंने शहरी सहकारी बैंकों के लिए हाल ही में किए गए नियामकीय सुधारों का भी स्वागत किया। इनमें गोल्ड लोन की सीमा बढ़ाना और वन-टाइम सेटलमेंट की व्यवस्था लागू करना शामिल है।

केंद्रीय मंत्री ने बताया कि वर्तमान में शहरी सहकारी बैंकों में 6 लाख करोड़ रुपए से अधिक की जमा राशि मौजूद है।

उनकी यह टिप्पणी आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा द्वारा हाल ही में शहरी सहकारी बैंकों के लिए ऑन-टैप लाइसेंसिंग फ्रेमवर्क लागू करने की दिशा में हुई प्रगति की जानकारी दिए जाने के कुछ दिनों बाद आई है।

क्षेत्र की व्यावसायिक संभावनाओं का उल्लेख करते हुए अमित शाह ने कहा कि छोटे उधारकर्ता सहकारी बैंकों के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित ऋण वर्ग साबित होते हैं।

गुजरात में एक सहकारी बैंक के अध्यक्ष के रूप में अपने कार्यकाल को याद करते हुए उन्होंने कहा कि उस बैंक ने बिना किसी गारंटी के 2.5 लाख रुपए तक के ऋण दिए थे और ब्याज सहित ऋण वसूली की दर 99 प्रतिशत से अधिक रही थी।

अमित शाह ने शहरी सहकारी बैंकों से नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के साथ अपने संबंधों को और मजबूत करने का भी आह्वान किया।

उन्होंने बताया कि वर्तमान में केवल करीब 690 बैंक ही इस संस्था के सदस्य हैं। उन्होंने सदस्यता शुल्क कम करने का सुझाव दिया, ताकि देश के लगभग 1,400 शहरी सहकारी बैंक इसमें शामिल हो सकें।

केंद्रीय मंत्री ने यह भी घोषणा की कि नेशनल अर्बन कोऑपरेटिव फाइनेंस एंड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन का मुख्यालय नई दिल्ली से महाराष्ट्र स्थानांतरित किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में 449 शहरी सहकारी बैंक हैं और गुजरात, गोवा तथा कर्नाटक के साथ मिलकर यह क्षेत्र देश के लगभग 70 प्रतिशत शहरी सहकारी बैंकों का प्रतिनिधित्व करता है।

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Created On :   8 Aug 2026 6:24 PM IST

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