जन्मदिन के मौके पर चचेरे भाई जतिन पृथ्वीराज ने किया राजीव कपूर को याद, बोले- 'हर किसी को अपना दोस्त बना लेते थे'

जन्मदिन के मौके पर चचेरे भाई जतिन पृथ्वीराज ने किया राजीव कपूर को याद, बोले- हर किसी को अपना दोस्त बना लेते थे
अभिनेता-फिल्ममेकर राजीव कपूर की जयंती पर उनके चचेरे भाई जतिन पृथ्वीराज कपूर ने उन्हें याद करते हुए कई किस्से साझा किए। उन्होंने कहा कि राजीव बेहद नेकदिल, उदार और बड़े दिल वाले इंसान थे। उनके करीब आने वाला हर व्यक्ति खुद को खास महसूस करता था। वह किसी के लिए भी मन में नाराजगी नहीं रखते थे और हर किसी के साथ गर्मजोशी से पेश आते थे।

मुंबई, 25 अगस्त (आईएएनएस)। अभिनेता-फिल्ममेकर राजीव कपूर की जयंती पर उनके चचेरे भाई जतिन पृथ्वीराज कपूर ने उन्हें याद करते हुए कई किस्से साझा किए। उन्होंने कहा कि राजीव बेहद नेकदिल, उदार और बड़े दिल वाले इंसान थे। उनके करीब आने वाला हर व्यक्ति खुद को खास महसूस करता था। वह किसी के लिए भी मन में नाराजगी नहीं रखते थे और हर किसी के साथ गर्मजोशी से पेश आते थे।

इंस्टाग्राम पर यादें साझा करते हुए जतिन ने कहा, ''राजीव का जन्मदिन हमेशा खास तरीके से मनाया जाता था। कई बार जश्न उनके जन्मदिन से एक दिन पहले शुरू हो जाता था और अगले दिन तक चलता था। हमारे लिए राजीव का जन्मदिन सिर्फ एक तारीख नहीं है, बल्कि परिवार के साथ मिलकर खुशी मनाने का मौका है।''

जतिन ने राजीव के स्वभाव के बारे में बात करते हुए कहा, ''वह बहुत ही नेकदिल इंसान थे। उनके करीब आने वाले हर व्यक्ति के साथ वह बेहद प्यार और गर्मजोशी से पेश आते थे। राजीव की सबसे बड़ी खूबी यह थी कि वह किसी के लिए भी मन में खटास नहीं रखते थे। उनके लिए हर मिलने वाला इंसान दोस्त जैसा था। वह लोगों को खुश रखने की कोशिश करते थे और जब भी कहीं बाहर जाते, तो सभी से बहुत अपनापन दिखाते थे।''

राजीव के एक जन्मदिन का किस्सा जतिन ने खास तौर पर याद किया। उन्होंने बताया, ''परिवार उनके जन्मदिन पर माता वैष्णो देवी के दर्शन के लिए गया था। हम सुबह दिल्ली से जम्मू पहुंचे और फिर सड़क के रास्ते कटरा गए। इसके बाद सभी लोग कटरा से पैदल माता वैष्णो देवी के मंदिर पहुंचे। राजीव का जन्मदिन मंदिर में ही मनाया गया था। यह उन यादों में से एक है, जिसे मैं जिंदगी भर नहीं भूल सकता।''

जतिन ने आगे कहा, ''राजीव भगवान में विश्वास रखते थे और परिवार के बड़े-बुजुर्गों का सम्मान करते थे। वह अपने बारे में कम और दूसरों के बारे में ज्यादा सोचते थे। उन्होंने अपने जीवन को राजा की तरह जिया। उनके अंदर दूसरों को खुश रखने की खास क्षमता थी।''

जतिन ने बताया, ''राजीव खुद भले ही कुछ न मांगते हों, लेकिन दूसरों को खुशी देने में कभी पीछे नहीं हटते थे। किसी इंसान को इस तरह दूसरों की खुशी का ख्याल रखने के लिए बहुत बड़े दिल की जरूरत होती है और राजीव में यह खूबी थी।''

अपने पोस्ट के आखिर में जतिन ने राजीव को जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, ''मैं राजीव के साथ बिताए समय के लिए हमेशा आभारी रहूंगा।''

राजीव कपूर हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता और फिल्ममेकर राज कपूर और कृष्णा कपूर के सबसे छोटे बेटे थे। उन्होंने साल 1983 में फिल्म 'एक जान हैं हम' से बतौर अभिनेता अपने करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद वह 'राम तेरी गंगा मैली', 'मेरा साथी', 'लवर बॉय' और 'हम तो चले परदेस' जैसी फिल्मों में नजर आए। अभिनय के बाद उन्होंने फिल्म निर्माण की ओर भी कदम बढ़ाया और 'प्रेम ग्रंथ' का निर्माण किया, जिसमें उनके भाई ऋषि कपूर और माधुरी दीक्षित मुख्य भूमिकाओं में थे।

राजीव कपूर का 9 फरवरी 2021 को 58 साल की उम्र में निधन हो गया था।

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Created On :   25 Aug 2026 1:08 PM IST

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