बिश्केक पहुंचे राजनाथ सिंह एससीओ रक्षा मंत्रियों की बैठक में होंगे शामिल

बिश्केक पहुंचे राजनाथ सिंह एससीओ रक्षा मंत्रियों की बैठक में होंगे शामिल
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सोमवार को किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक पहुंचे, जहां वह शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के रक्षा मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगे। शंघाई सहयोग संगठन के सदस्यों में भारत, रूस, चीन, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, पाकिस्तान, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान, ईरान और बेलारूस शामिल हैं।

बिश्केक, 27 अप्रैल (आईएएनएस)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सोमवार को किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक पहुंचे, जहां वह शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के रक्षा मंत्रियों की बैठक में हिस्सा लेंगे। शंघाई सहयोग संगठन के सदस्यों में भारत, रूस, चीन, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, पाकिस्तान, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान, ईरान और बेलारूस शामिल हैं।

बिश्केक में भारतीय दूतावास ने सोशल मीड‍िया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा, ''27-28 अप्रैल को एससीओ सदस्य देशों के रक्षा मंत्रियों की बैठक में शामिल होने के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बिश्केक पहुंचे, जहां मैनस एयरपोर्ट पर राजदूत ने उनका स्वागत किया।''

किर्गिस्तान रवाना होने से पहले राजनाथ सिंह ने कहा कि वह दुनिया में चल रही सुरक्षा चुनौतियों के बीच भारत की वैश्विक शांति के प्रति प्रतिबद्धता को सामने रखेंगे। साथ ही वह आतंकवाद और चरमपंथ के खिलाफ भारत की 'जीरो टॉलरेंस' की नीति को भी दोहराएंगे।

उन्होंने सोशल मीड‍िया प्लेटफॉर्म 'एक्‍स' पर पोस्ट कर लिखा, “मैं किर्गिस्तान के बिश्केक जा रहा हूं। कल होने वाली एससीओ रक्षा मंत्रियों की बैठक में शामिल होने की उम्मीद है। मैं दुनिया में चल रही सुरक्षा चुनौतियों के बीच भारत की वैश्विक शांति के प्रति प्रतिबद्धता को सामने रखूंगा। साथ ही आतंकवाद और चरमपंथ के खिलाफ भारत की सख्त नीति (जीरो टॉलरेंस) को भी रखूंगा। मैं एससीओ देशों के अपने समकक्षों से द्विपक्षीय मुलाकातें भी करूंगा और बिश्केक में भारतीय समुदाय से भी मिलूंगा।”

बिश्केक में मंगलवार को होने वाली इस बैठक में एससीओ के अलग-अलग सदस्य देशों के रक्षा मंत्री क्षेत्र की सुरक्षा से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा करेंगे। रक्षा मंत्रालय के अनुसार, बैठक में अंतरराष्ट्रीय शांति, आतंकवाद से मुकाबला और सदस्य देशों के बीच रक्षा सहयोग जैसे विषयों पर भी बात होगी।

मंत्रालय ने यह भी बताया कि इस साल की एससीओ बैठक ऐसे समय हो रही है, जब पश्चिम एशिया की स्थिति को लेकर दुनिया में भू-राजनीतिक तनाव बना हुआ है। इस कारण संगठन में यह भी चर्चा हो सकती है कि चल रहे संघर्षों के असर को कैसे कम किया जाए।

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Created On :   27 April 2026 6:59 PM IST

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