विजय ने 10 जिलों में डेंगू कंट्रोल और मानसून की तैयारी तेज करने के आदेश दिए
चेन्नई, 22 सितंबर (आईएएनएस)। तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में डेंगू और दूसरे बुखार के मामले बढ़ने के साथ मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार को जिला प्रशासन को बीमारी की रोकथाम के उपाय तेज करने और नॉर्थईस्ट मानसून के लिए तैयारी मजबूत करने का निर्देश दिया।
विजय ने लगातार दूसरे दिन सेक्रेटेरिएट में एक रिव्यू मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए ये निर्देश जारी किए। यह बैठक कोयंबटूर, डिंडीगुल, इरोड, करूर, मदुरै, नीलगिरी, शिवगंगा, तेनकासी, थेनी और विरुधुनगर जिलों में सावधानी और आपदा-प्रबंधन के उपायों का आकलन करने के लिए थी।
मुख्यमंत्री ने जिला कलेक्टरों से कहा कि वे अलग-अलग इलाकों की कमजोरी का आकलन करने के बाद जगह के हिसाब से प्लान तैयार करें। उन्होंने कहा कि नीलगिरी, कोयंबटूर, डिंडीगुल और थेनी जिलों में बारिश की संभावना वाले और पहाड़ी इलाकों पर खास ध्यान दिया जाना चाहिए, जहां तेज बारिश से लैंडस्लाइड, मिट्टी खिसक सकती है और सड़क संपर्क में रुकावट आ सकती है।
कलेक्टरों को लैंडस्लाइड की संभावना वाली ढलानों और पहले से ही खतरनाक मानी गई दूसरी जगहों पर लगातार निगरानी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। भारी बारिश से पहले और उसके दौरान इंस्पेक्शन किया जाना चाहिए, और अधिकारी मिट्टी में दरारें, ढलानों का हिलना और असामान्य रूप से पानी का रिसाव जैसे चेतावनी के संकेतों पर तुरंत कार्रवाई करें।
विजय ने कमजोर इलाकों में लैंडस्लाइड रोकने और ढलान को स्थिर करने के प्रोजेक्ट्स को तेजी से पूरा करने का भी आदेश दिया। उन्होंने कोडाईकनाल में चल रहे मिट्टी की कील लगाने के काम पर खास ध्यान देने को कहा और अधिकारियों को रेगुलर तौर पर यह देखने को कहा कि क्या और बचाव के तरीकों की जरूरत है।
उन्होंने कहा कि पहाड़ी जिलों में मुख्य सड़कों और ट्रांसपोर्ट लिंक पर मानसून के दौरान लगातार नजर रखी जानी चाहिए। गिरे हुए पेड़, मिट्टी, पत्थर और दूसरे मलबे को हटाने के लिए जरूरी मशीनरी, ट्रेंड लोग और सामान पहले से ही तैनात होने चाहिए ताकि बंद सड़कों को बिना देर किए फिर से खोला जा सके।
मुख्यमंत्री ने डेंगू और मौसमी बुखार के मामलों को रोकने के लिए किए जा रहे उपायों का भी रिव्यू किया। कलेक्टरों से मच्छरों को कंट्रोल करने के काम को मज़बूत करने, उनके पनपने के सोर्स को खत्म करने, सफाई में सुधार करने और हेल्थ और लोकल एडमिनिस्ट्रेशन डिपार्टमेंट के साथ मिलकर काम करने को कहा गया। अधिकारियों को बुखार के ट्रेंड पर नजर रखने, फील्ड इंस्पेक्शन करने और यह पक्का करने का निर्देश दिया गया कि अस्पतालों और प्राइमरी हेल्थ सेंटरों में काफी दवाएं, डायग्नोस्टिक सुविधाएं, बेड और मेडिकल लोग हों। मच्छरों को पनपने से रोकने और समय पर इलाज करवाने के बारे में लोगों में जागरूकता फैलाने वाले कैंपेन भी तेज किए जाने चाहिए।
विजय ने कहा कि मानसून के दौरान लोगों की सुरक्षा और जान-माल के नुकसान को रोकने के लिए जिला प्रशासन, स्वास्थ्य अधिकारियों, नगर निगमों, पुलिस और आपदा-प्रतिक्रिया एजेंसियों के बीच मिलकर काम करना जरूरी है।
अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|
Created On :   22 Sept 2026 11:32 PM IST












