नोएडा में फर्जी जॉब रैकेट का भंडाफोड़, 4 महिलाओं समेत 6 आरोपी गिरफ्तार

नोएडा में फर्जी जॉब रैकेट का भंडाफोड़, 4 महिलाओं समेत 6 आरोपी गिरफ्तार
नोएडा पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिए देश-विदेश में क्रूज और अन्य कंपनियों में नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। थाना सेक्टर-113 पुलिस ने इस मामले में 4 महिलाओं सहित कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

नोएडा, 10 मार्च (आईएएनएस)। नोएडा पुलिस ने सोशल मीडिया के जरिए देश-विदेश में क्रूज और अन्य कंपनियों में नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। थाना सेक्टर-113 पुलिस ने इस मामले में 4 महिलाओं सहित कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

पुलिस के मुताबिक आरोपी पिछले 4 से 6 महीनों में सैकड़ों लोगों को निशाना बनाकर लाखों रुपये की ठगी कर चुके हैं। पुलिस को मिली गोपनीय सूचना और मैनुअल इंटेलिजेंस के आधार पर 10 मार्च, 2026 को सेक्टर-113 थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सेक्टर-73 स्थित एंथूरियम बिजनेस पार्क में छापा मारा।

यहां से सरीम खान, शोएब खान, रितिका, मन्तसा अब्बासी, फातिमा और खुशी उर्फ खुशबू को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मौके से 7 मोबाइल फोन, 1 लैपटॉप, 5 मॉनिटर, 5 कीबोर्ड, 5 सीपीयू, 4 माउस, 1 राउटर, 2 मोहर, 2 चेकबुक, 2 सिम कार्ड, 1 एटीएम कार्ड सहित कई दस्तावेज बरामद किए हैं।

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे "'रिक्रूट सर्विस' नाम से फेसबुक, इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर 'वी आर हायरिंग ' के नाम से पेड विज्ञापन चलाते थे।" इन विज्ञापनों के माध्यम से देश-विदेश में क्रूज, होटल और अन्य कंपनियों में नौकरी दिलाने का दावा किया जाता था।

विज्ञापन देखने वाले इच्छुक लोगों से ऑनलाइन फॉर्म भरवाकर उनकी पूरी जानकारी ली जाती थी। इसके बाद गिरोह के सदस्य पीड़ितों से नौकरी दिलाने के नाम पर 40 हजार से 60 हजार रुपये तक वसूलते थे। पैसा लेने के बाद आरोपियों द्वारा ई-मेल के माध्यम से फर्जी जॉइनिंग लेटर भेज दिया जाता था, जिससे लोग विश्वास कर लेते थे कि उनकी नौकरी लग गई है। जब पीड़ितों को सच्चाई का पता चलता था, तब तक आरोपी उनसे संपर्क तोड़ देते थे।

पुलिस के अनुसार आरोपियों ने इस काम के लिए सेक्टर-73 के एंथूरियम बिजनेस पार्क में एक ऑफिस किराए पर ले रखा था, जहां से पूरा गिरोह संगठित तरीके से इस ठगी को अंजाम दे रहा था। गिरफ्तार आरोपियों में सरीम खान और शोएब खान इस गिरोह के मुख्य संचालक बताए जा रहे हैं, जबकि अन्य आरोपी ऑफिस में बैठकर कॉलिंग और दस्तावेज तैयार करने का काम करते थे।

फिलहाल पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ थाना सेक्टर-113 में भारतीय न्याय संहिता की धारा 61(2), 318(4) तथा आईटी एक्ट की धारा 66(डी) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस अब इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है और यह भी जांच की जा रही है कि अब तक कितने लोगों को इस जालसाजी का शिकार बनाया गया है।

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Created On :   10 March 2026 6:13 PM IST

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