- Home
- /
- राज्य
- /
- महाराष्ट्र
- /
- चंद्रपुर
- /
- देशभर में हड़कंप मचाने वाले किसान...
दूर तक कांड की आंच: देशभर में हड़कंप मचाने वाले किसान किडनी कांड की जांच हुई तेज, मास्टरमाइंड आरोपी डॉक्टर ने करोड़ों हवाला से विदेश भेजे!

- किडनी बेचने वाले पीड़ितों को मिले 5 से 8 लाख रुपये
- डॉक्टर ने करोड़ों हवाला से बाहर भेजे!
- देशभर में हड़कंप मचाने वाले चंद्रपुर किसान किडनी कांड
Chandrapur News. देशव्यापी किडनी तस्करी रैकेट का भंडाफोड़ होते ही पुलिस और जांच एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। इस सनसनीखेज मामले में सामने आया है कि अपनी किडनी बेचने वाले पीड़ितों को कथित तौर पर करोड़ों रुपये नहीं, बल्कि केवल 5 से 8 लाख रुपये ही दिए गए। पुलिस को आशंका है कि इस रैकेट का मास्टरमाइंड आरोपी डॉक्टर करोड़ों रुपये हवाला के माध्यम से विदेश भेज चुका है।
चंद्रपुर जिले के एक किसान द्वारा आर्थिक तंगी के चलते किडनी बेचने का मामला सामने आने के बाद यह प्रकरण तूल पकड़ता जा रहा है। स्थानीय अपराध शाखा को मिली अहम जानकारियों के आधार पर जांच को नई दिशा दी जा रही है। इसी कड़ी में किडनी प्रत्यारोपण कराने वाला पहला मरीज भी पुलिस के सामने आ चुका है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, किडनी प्रत्यारोपण कराने वाले व्यक्ति की पहचान बेंगलुरु से जुड़े होने के रूप में सामने आई है, जिससे मामले के अंतरराज्यीय नेटवर्क की आशंका और गहरी हो गई है।
किडनी प्राप्तकर्ता की हुई पहचान
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, तमिलनाडु के तिरुचिरापल्ली स्थित केआईएमएस अस्पताल में ऑपरेशन कर निकाली गई किडनी पाने वाले पहले व्यक्ति की पहचान कर ली गई है। बताया जा रहा है कि यह व्यक्ति कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से सीधे तौर पर जुड़ा हुआ है। पुलिस को उम्मीद है कि उसके बयान से इस रैकेट से जुड़े कई बड़े और चौंकाने वाले खुलासे हो सकते हैं।
लखनऊ निवासी युवक गिरफ्तार
जांच में यह भी सामने आया है कि उत्तर प्रदेश के लखनऊ निवासी 36 वर्षीय मोहम्मद तारिक खान को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। तारिक ने पूछताछ में बताया कि उसकी सर्जरी डॉ. रविंद्र पाल सिंह और डॉ. राजरत्नम गोविंदसामी द्वारा की गई थी। किडनी तिरुचिरापल्ली में निकाली गई थी। पीड़ित ने तस्वीरों के माध्यम से दोनों डॉक्टरों की पहचान भी की है।
अग्रिम जमानत पर फैसला सुरक्षित
उधर, डॉ. रविंद्र पाल सिंह की अग्रिम जमानत याचिका पर जिला सत्र न्यायालय में मंगलवार को सुनवाई पूरी हो गई है। न्यायालय ने अपना फैसला सुरक्षित रखा है, जिस पर बुधवार को निर्णय आने की संभावना जताई जा रही है।
विशेष जांच दल (SIT) का गठन
- नागभीड़ तालुका के युवा किसान रोशन कुडे द्वारा कर्ज न चुका पाने की स्थिति में किडनी बेचने का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने गहन जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। यह टीम अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ईश्वर कटकडे के नेतृत्व में काम कर रही है।
- पुलिस को आशंका है कि इस प्रकरण के पीछे किसी बड़े अंतरराज्यीय अथवा अंतरराष्ट्रीय किडनी तस्करी रैकेट का हाथ हो सकता है। फिलहाल जांच इसी दिशा में केंद्रित है।
Created On :   7 Jan 2026 9:53 PM IST














