दैनिक भास्कर हिंदी: शावकों की मौत के बाद घटनास्थल के चक्कर लगाती रही बाघिन

May 14th, 2021

डिजिटल डेस्क,  भंडारा । दो शावकों की मृत्यु के चंद घंटों के बाद ममता की मारी बाघिन फिर से बच्चों की तलाश में टेकेपास सिंचाई प्रकल्प के गराडा परिसर में भ्रमण करती नजर आई। बाघिन तकरीबन तीन घंटे तक शावकों की तलाश में घूमती रही। वन विभाग द्वारा लगाए गए कैमरों में बाघिन की फुटेज आई है। यह बाघिन टी-10 एल 2 सी 3 होकर कोका परिसर में अधिवास कर रही थी। दूसरी ओर एक ही दिन में चार वन्यजीवों की मृत्यु के बाद वन विभाग में हड़कंप मच गया है। गुरुवार को मुख्य वन संरक्षक पी. कल्याण कपूर ने घटनास्थल का जायजा लेकर सिंचाई विभाग के अधिकारियों से भी चर्चा की।  बता दें कि बुधवार की सुबह भंडारा से 18 किमी की दूरी पर दवडीपार उप वनक्षेत्र के तहत टेकेपार सिंचाई प्रकल्प के सायफन कुएं में बाघ के दो मादा शावक पानी में मृत पाए गए थे। घटनास्थल पर मिले कई पगमार्क को देखकर वन विभाग ने अंदाजा लगाया कि 10 मई को जिले में ओलावृष्टि के साथ जमकर मेघ बरसे थे। उस समय बाघिन ने दोनों शावकों को नहर के पास छिपा दिया होगा। अनुमान लगाया गया कि जब बाघिन भ्रमण कर वापस लौटी तो उसे शावक पानी में मृत दिखायी दिए होंगे। 

बाघिन ने दोनों शावकों को बचाने के पुरजोर प्रयास किए होंगे किंतु वह विफल रही। दो मादा शावकों की मृत्यु से सीएम कार्यालय से वन विभाग के अधिकारियों पर दबाव बढऩे लगा है। गुरुवार सुबह नागपुर मुख्य वनसंरक्षक पी कल्याण कपूर ने गराडा में भेंट दी। इस समय उपवनसंरक्षक एस. बी. भलावी, भंडारा वन परिक्षेत्र अधिकारी विवेक राजुरकर व वन विभाग की पूरी टीम उपस्थित थी। सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता मानवटकर को बुलाया गया। वन परिक्षेत्र से गई नहर की सुरक्षा को लेकर मुख्य वनसंरक्षक कपूर ने कार्यकारी अभियंता मानवटकर से सवाल भी किए। भविष्य में ऐसी घटना न हो इसके लिए  कौन-कौन से उपाय किए जा सकते हैं, इस पर चर्चा की गई। उधर वन विभाग ने बुधवार  सुबह घटना सामने आते ही शावकों की तलाश में बाघिन घटनास्थल पर पहुचने का अंदाजा जताते हुए मौके पर कैमरे लगा दिए थे। इन कैमरों में बाघिन नहर के आसपास भ्रमण करती दिखाई दी।     बाघिन के आने वाले 15 दिनों तक शावकों की तलाश में गराडा के सायनस कुएं के आसपास मंडराते रहने की संभावना है। इसलिए परिसर के 10 से अधिक ग्रामों के नागरिकों को सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है। नागरिकों को शाम के समय अकेले घर से बहार निकलने से मनाही की गई है। 

ऐसी घटनाएं रोकने बरती जाएगी सतर्कता
मुख्य वनसंरक्षक की उपस्थिति में गुरुवार को जायजा लिया गया। भविष्य में ऐसी घटनाएं न हो इस पर बल दिया जा रहा है। शावकों की तलाश में बाघिन आई थी। इसलिए आसपास के लगभग 10 गांवों के ग्रामीणों को सतर्क रहने को कहा है।  - विवेक राजुरकर,  वन परिक्षेत्र अधिकारी, भंडारा

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