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बालोद : मुख्यमंत्री रेडियोवार्ता लोकवाणी की 14वीं कड़ी में युवाओं से हुए रूबरू

January 11th, 2021 16:00 IST
बालोद : मुख्यमंत्री रेडियोवार्ता लोकवाणी की 14वीं कड़ी में युवाओं से हुए रूबरू

डिजिटल डेस्क, बालोद। मुख्यमंत्री श्री बघेल की मासिक रेडियोवार्ता ‘‘लोकवाणी’’ को जिले के नागरिकों ने भी उत्साहपूर्वक सुनी। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल अपनी रेडियोवार्ता लोकवाणी की 14वीं कड़ी में आज युवाओं से रूबरू हुए। रेडियोवार्ता की यह कड़ी युवाओं को समर्पित रही। मुख्यमंत्री ने युवाओं द्वारा रिकार्डेड संदेश के माध्यम से साझा किए गए विचारों और सुझावों पर विस्तार से चर्चा की और युवाओं की जिज्ञासाओं का समाधान करने का प्रयास किया। मुख्यमंत्री ने इस कड़ी में युवाओं को नए वर्ष की बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की तरूणाई नई अंगड़ाई लेकर उठ खड़ी हुई है। जो हम सबके सुरक्षित और सुखद भविष्य का संकेत है। मुख्यमंत्री श्री बघेल की मासिक रेडियोवार्ता ‘‘लोकवाणी’’ को जिले के नागरिकों ने भी विभिन्न जगहों पर रेडियो, टेलीविजन के माध्यम से उत्साहपूर्वक सुनी। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने युवाओं को उनके उज्जवल भविष्य के प्रति आश्वस्त करते हुए कहा कि युवाओं की प्रतिभा को संवारने और उन्हें आजीविका के बेहतर अवसर दिलाने के राज्य सरकार के अभियान में किसी तरह की कोई कमी नहीं होगी। उन्होंने कहा कि हमारे छत्तीसगढ़ी युवा हर मंच पर छत्तीसगढ़ का झण्डा गाड़ रहे हैं। छत्तीसगढ़ का नाम रोशन कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने 12 जनवरी को स्वामी विवेकानन्द की जयंती राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर उनकी प्रेरणादायक शिक्षाओं और सीख की चर्चा भी युवाओं के साथ की। उन्होंने स्वामी विवेकानन्द के शब्दों को उद्यत करते हुए युवाओं से कहा कि ’एक विचार उठाओ, उसे अपना जीवन बना लो’ यह सफलता का मार्ग है। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को देखकर यही लगता है कि उन पर गांधी-नेहरू-स्वामी विवेकानन्द का असर है। उन्होंने कहा कि बेहतर खेल अधोसंरचनाओं के विकास से खेल प्रतिभाओं को अपनी प्रतिभा निखारने और छत्तीसगढ़ संस्कृति परिषद के जरिए युवा साहित्यकारों और कलाकारों को सही मंच, मार्गदर्शन और प्रोत्साहन मिलेगा। मुख्यमंत्री ने लोकवाणी में बताया कि रामकृष्ण मिशन, स्वामी विवेकानंद, स्वामी आत्मानंद उनके मन में बचपन से बसे थे। गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर ने कहा था कि यदि भारत को जानना है तो स्वामी विवेकानंद को पढ़िए। पंडित जवाहर लाल नेहरू कहते थे कि युवाओं को चाहिए कि वे विवेकानंद को बार-बार पढं़े, उनकी बुद्धिमत्ता, जोश और विवेक से नई पीढ़ी को काफी मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि स्वामी विवेकानंद जी का छत्तीसगढ़ प्रवास हमें उस यश और गौरव से जोड़ता है, जो उन्होंने मात्र 39 वर्ष की उम्र में ही कमा लिया था। यही वजह है कि हम रायपुर में स्वामी जी की यादों को सहेजने का काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने लोकवाणी में युवाओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि हमारी सरकार ने पहली बार छत्तीसगढ़ में ‘छत्तीसगढ़ संस्कृति परिषद’ के गठन का निर्णय लिया है, जिसके अंतर्गत साहित्य अकादमी, कला अकादमी, आदिवासी और लोककला अकादमी, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम, छत्तीसगढ़ राजभाषा आयोग, छत्तीसगढ़ सिंधी अकादमी आदि संस्थाएं काम करेंगी। उन्होंने कहा कि हमारा प्रयास है कि यह काम जल्दी से आगे बढ़े। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने स्थानीय कला-संस्कृति को महत्व देते हुए यह कोशिश की है कि हमारे स्थानीय कलाकारों को भरपूर अवसर मिले। मुख्यमंत्री ने विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्पर्धाओं में शानदार उपलब्धियां हासिल करने वाले छत्तीसगढ़ के खिलाडियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मैनें ‘खेलबो-जीतबो-गढ़बो-नवा छत्तीसगढ़’ का नारा दिया था। उन्होंने कहा कि हमने ‘छत्तीसगढ़ खेल विकास प्राधिकरण’ का गठन किया। हॉकी, फुटबाल, बैडमिंटन, तीरंदाजी, वालीबॉल, कबड्डी आदि खेलों के निःशुल्क प्रशिक्षण की सुविधा दी गई है। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि अब ‘खेलो इंडिया योजना’ के तहत रायपुर में राष्ट्रीय स्तर की आवासीय हॉकी अकादमी तथा बिलासपुर में तीरंदाजी का सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाया जाएगा। बिलासपुर में तीरंदाजी, हॉकी और एथलेटिक्स की राज्य स्तरीय अकादमी, जगदलपुर में फुटबॉल तथा रनिंग सिंथेटिक टर्फ ग्राऊंड, अम्बिकापुर इंडोर हॉल की मंजूरी प्राप्त की गई है। प्रदेश के सभी नगरीय-निकायों तथा पंचायतों में ‘राजीव युवा मितान क्लब’ का गठन किया जा रहा है। जिसके माध्यम से युवाओं के सर्वांगीण विकास का कार्य किया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि हमारी योजना है कि प्रत्येक जिले में स्थानीय विशेषता के अनुसार प्रशिक्षण सुविधाएं विकसित की जाएं और उसमें उद्योगों की मदद भी ली जाए।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।