कलेक्टर और डीईओ के खिलाफ हुई नारेबाजी: शिक्षा विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार के विरोध में कांग्रेस ने किया प्रदर्शन

October 12th, 2021

डिजिटल डेस्क  छतरपुर । जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा शिक्षकों के स्थानांतरण में किए गए लेन देन का जमकर विरोध हो रहा है। जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा मनमाने ढंग से शिक्षकों को सस्पेंड किया जाता है, बहाली के बदले में रुपए लिए जाते हैं। स्थानांतरण में भी रुपए लिए गए। यह आरोप कांग्रेस ने लगाते हुए मंगलवार को जिला शिक्षा अधिकारी संतोष कुमार शर्मा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जिला शिक्षा अधिकारी पर एक महिला शिक्षक हरबाई अहिरवार ने गंभीर आरोप लगाए थे। महिला शिक्षक का आरोप है कि डीईओ ने रुपए की मांग की। रुपए न दिए जाने पर उसका स्थानांतरण जिला मुख्यालय से 70 किमी दूर किया गया है, जबकि वह विधवा है उसका बेटा मानसिक रूप से कमजोर है। इस शिकायत को लेकर एक सप्ताह पहले महिला शिक्षक हरबाई अहिरवार जनसुनवाई में पहुंची थी। यहां कलेक्टर शीलेन्द्र सिंह ने इस महिला शिक्षक की शिकायत को गंभीरता से न लेते हुए दुत्कार कर भगा दिया था। महिला आरक्षकों के द्वारा उसे घसीटा गया था। कलेक्टर की इस मनमानी और डीईओ के भ्र्रष्टाचार के विरुद्ध मंगलवार को कांग्रेस ने जंगी प्रदर्शन किया। युवक कांग्रेस, महिला कांग्रेस और कांग्रेस महिला सेवादल के कार्यकर्ता ढोल-नगाड़े के साथ जनसुनवाई में पहुंचे। इसकी जानकारी कलेक्टर को लगी तो वे 1.00 बजे के पहले ही जनसुनवाई से उठकर चले गए। इस पर कांग्रेस के प्रदर्शनकारी कलेक्टर कक्ष के सामने बैठकर जमकर नारेबाजी करने लगे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एडीशनल एसपी विक्रम सिंह, सिटी कोतवाली और सिविल लाइन का पुलिस बल मौके पर पहुंचे। जमकर नारेबाजी होने के बाद भी कलेक्टर ज्ञापन लेने बाहर नहीं निकले। अपर कलेक्टर आरडीएस अग्निवंशी ने ज्ञापन लिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने डीईओ और कलेक्टर के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इनका आरोप था कि डीईओ भ्रष्ट है और उनके खिलाफ कार्रवाई होना चाहिए।
 

खबरें और भी हैं...