दैनिक भास्कर हिंदी: मध्य प्रदेश: बैरसिया में दलित किसान की हत्या पर गरमाई सियासत, जांच समिति गठित

June 22nd, 2018

डिजिटल डेस्क, बैरसिया। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से सटे बैरसिया में एक दलित किसान को जिंदा जलाए जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। घटना को लेकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि दो सदस्यों का एक दल बैरसिया भेजा गया है, जो सच्चाई का पता लगाएगा। इस जांच समिति में उन्होंने कैलाश मिश्रा और आसिफ जकी को  जिम्मेदारी दी है कि वे बैरसिया कांड की पूरी रिपोर्ट तैयार करें। 

 

कमलनाथ ने बीजेपी पर साधा निशाना

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि दलितों और किसानों की हालत मध्यप्रदेश में काफी बुरी हो गई है। सीएम शिवराज सिंह चौहान पर भी निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि वह खुद को किसान पुत्र कहते हैं, लेकिन उन्हें प्रदेश के किसानों की जरा भी चिंता नहीं है। बीजेपी सरकार किसान और दलितों की विरोधी सरकार है। बीजेपी का सच सामने आ चुका है, अब जनता बेवकूफ नहीं बनने वाली है। 

 

चारों आरोपी गिरफ्तार

बता दें कि कुछ दबंगों ने किसान को उसकी पत्नी के सामने जिंदा जला दिया। किसान का गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां किसान ने दम तोड़ दिया। किसान का कसूर इतना था कि उन्होंने अपनी पट्टे की जमीन को जोत रहे दबंगों का विरोध किया था। घटना बैरसिया तहसील के परसोरिया घाटखेड़ी गांव की है, 70 साल के दलित किसान किशोरीलाल जाटव को पेट्रोल डालकर जिंदा जला दिया। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने रात करीब 11:30 बजे चारों आरोपियों को गांव के पास से ही हिरासत में ले लिया। चारों आरोपियों पर एससी-एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज किया है।

 

पुलिस की मौजूदगी में हुआ अंतिम संस्कार

मृतक किसान के बेटे ने बताया कि 2002 में सरकार ने 3.5 एकड़ जमीन पर हमें पट्टा दिया था, तभी से इस जमीन पर हम खेती कर रहे थे। इस साल गांव के दबंग तीरन सिंह यादव ने जमीन पर कब्जा कर लिया। पिताजी ने विरोध किया तो चारों उन्हें धमकाने लगे। इसके बाद प्रकाश, संजू, बलबीर ने पिता के हाथ-पैर पकड़े और तीरन ने पेट्रोल उड़ेलकर उन्हें जिंदा जला दिया। पुलिस और प्रशासन के अफसरों की मौजूदगी में मृतक किसान किशोरी लाल का अंतिम संस्कार करवाया गया।