दैनिक भास्कर हिंदी: स्वच्छता में प्रदेश के बड़े शहरों से आगे है सिंगरौली, देश में 21वां नंबर

March 7th, 2019

डिजिटल डेस्क, सिंगरौली (वैढ़न)। नगर निगम सिंगरौली ने एक बार फिर स्वच्छ भारत सर्वेक्षण में अच्छा प्रदर्शन करते हुए न केवल 3 प्रमाण पत्र प्राप्त किए बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर रैंकिंग में सुधार किया है। जिसके लिए दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति रामनाथ कोविद, शहरी विकास मंत्री हरदीप पुरी एवं आवास एवं शहरी विकास मंत्रालय के कैबिनेट सचिव दुर्गाशंकर मिश्रा ने प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।

इस बार सुधारा रेंक
नगर निगम को स्वच्छता सर्वेक्षण में राष्ट्रीय स्तर पर 21वां स्थान प्राप्त हुआ है, जबकि पिछले वर्ष 23वां नंबर आया था। इस वर्ष स्वच्छ भारत सर्वेक्षण में देश के 4237 शहर हिस्सा ले रहे थे। पिछले वर्ष की तुलना में प्रदेश स्तर की बात की जाय तो इस वर्ष सिंगरौली ने जबलपुर और ग्वालियर जैसे बड़े नगर निगमों को पीछे कर दिया है, लेकिन दो छोटी नगर पालिकाओं ने उसे 7वें स्थान पर ढकेल दिया है। जबकि पिछले वर्ष सिंगरौली नगर निगम की प्रदेश में 5वीं रैंकिंग आयी थी। इस तरह देखा जाए तो राष्ट्रीय स्तर पर दो पायदान की उछाल मिली है और राज्य स्तर पर दो पायदान की गिरावट आयी है। बुधवार 6 मार्च को स्वच्छता सर्वेक्षण में शामिल सिर्फ 100 शहरों की सूची जारी की गई है, जिसमें सिंगरौली को थ्री स्टार सिटी, गारबेज फ्री शहर और स्वच्छता सर्वेक्षण 2019 में बेहतरीन प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया। यह सम्मान नगर निगम अध्यक्ष चंद्रप्रताप विश्वकर्मा, नगर निगम आयुक्त शिवेन्द्र सिंह, स्वच्छता विभाग के नोडल अफसर संतोष पांडेय और अमित सिंह ने प्राप्त किए।

हर बार किया कुछ बेहतर
स्वच्छ भारत सर्वेक्षण 2017 से प्रारंभ हुआ था, उस वर्ष देश के करीब 425 शहरों ने इसमें हिस्सा लिया था। उस वर्ष सिंगरौली का राष्ट्रीय स्तर पर 51वां और प्रदेश स्तर पर 32वां स्थान प्राप्त हुआ था। 2018 के सर्वेक्षण में सिंगरौली का राष्ट्रीय स्तर पर 23वां और प्रदेश के स्तर पर 5वां स्थान आया था। दूसरे सर्वेक्षण में करीब 3000 शहरों ने प्रतिनिधित्व किया था। इस वर्ष के स्वच्छता सर्वेक्षण में और बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर 4237 शहरों में 21वां स्थान प्राप्त किया है, जो कि किसी उपलब्धि से कम नहीं है।

5000 में मिले 3763 अंक
इस बार का स्वच्छता सर्वेक्षण 5000 अंकों का था, जिसे 1250-1250 के चार खंडों में बांटा गया था। सिंगरौली ने कुल अंकों में से 3763 यानी 75 फीसदी से ज्यादा अंकर लेकर यह परीक्षा फर्स्ट डिवीजन में प्राप्त की है। ओडीएफ प्लस प्लस, 3 स्टार सिटी का दर्जा, गारबेज फ्री सिटी और स्वच्छ भारत सर्वेक्षण में उसे डिक्टेंशन मिला है। वैसे उम्मीद तो 3300 के करीब अंक मिलने की थी, लेकिन उससे ज्यादा अंक मिलने से रैंकिंग में सुधार हुआ है। क्योंकि गुजरात की राजधानी गांधी नगर हमसे 6 अंक से पिछड़ गई, जबकि चंडीगढ़ को 25 अंक ज्यादा मिले वर्ना सिंगरौली का 20 नंबर होता।

 

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