हीटवेव से अपच तक को दूर करने में कारगर, गर्मी में सेहत के लिए वरदान से कम नहीं 'नीम का फूल'

हीटवेव से अपच तक को दूर करने में कारगर, गर्मी में सेहत के लिए वरदान से कम नहीं नीम का फूल
गर्मी के मौसम ने दस्तक दे दी है। तपती धूप, लू और आसमान से बरसती आग, इन सबके बीच सेहतमंद बने रहना भी किसी चुनौती से कम नहीं होता। इस मौसम में रोजमर्रा की जिंदगी में स्वस्थ रहना मुश्किल हो जाता है। आयुर्वेद इस मौसम की परेशानियों से बचने के लिए नीम के फूलों का सेवन करने की सलाह देता है। ये छोटे, सुगंधित फूल शरीर को ठंडक पहुंचाते हैं, खून साफ करते हैं, अपच-कब्ज जैसी पेट की समस्याओं को दूर करते हैं और त्वचा को चमकदार बनाते हैं।

नई दिल्ली, 19 मार्च (आईएएनएस)। गर्मी के मौसम ने दस्तक दे दी है। तपती धूप, लू और आसमान से बरसती आग, इन सबके बीच सेहतमंद बने रहना भी किसी चुनौती से कम नहीं होता। इस मौसम में रोजमर्रा की जिंदगी में स्वस्थ रहना मुश्किल हो जाता है। आयुर्वेद इस मौसम की परेशानियों से बचने के लिए नीम के फूलों का सेवन करने की सलाह देता है। ये छोटे, सुगंधित फूल शरीर को ठंडक पहुंचाते हैं, खून साफ करते हैं, अपच-कब्ज जैसी पेट की समस्याओं को दूर करते हैं और त्वचा को चमकदार बनाते हैं।

नीम की पत्तियां कड़वी होने के कारण सब जानते हैं, लेकिन इसके छोटे-छोटे फूल भी कम फायदेमंद नहीं हैं। गर्मी के दिनों में दादी-नानी अक्सर नीम के फूलों से बनी शरबत या भुजिया खिलाती थीं। ये फूल न सिर्फ सौंधी खुशबू वाले और सुंदर होते हैं, बल्कि इनमें ढेर सारे औषधीय गुण छिपे हैं जो गर्मी की मार से बचाते हैं।

एक शोध टेलर एंड फ्रांसिस जर्नल में नीम के फूलों के फाइटोकेमिकल्स का अध्ययन किया गया। क्लोरोफॉर्म, एथिल एसीटेट, इथेनॉल और मेथनॉल जैसे सॉल्वैंट्स से निकाले गए अर्कों की जांच में पाया गया कि इथेनॉलिक अर्क डायबिटीज और कैंसर कोशिकाओं के खिलाफ सबसे ज्यादा प्रभावी है। यह अन्य पौधों के भागों की तुलना में कम हानिकारक और ज्यादा लाभकारी साबित हुआ।

आयुर्वेद में नीम के फूलों को बहुत कारगर माना जाता है। इनमें एंटी-फंगल, एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी-सेप्टिक गुण होते हैं। गर्मियों में रोजाना इनका सेवन करने से खून साफ होता है, चेहरे पर निखार आता है, मुंहासे, दाग-धब्बे और त्वचा के इंफेक्शन दूर होते हैं। ये शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाते हैं और भूख भी अच्छी करते हैं।

पेट की समस्याओं में नीम के फूल बहुत उपयोगी हैं। अपच, कब्ज, वात और पेट में कीड़े जैसे रोगों से राहत मिलती है। पाचन तंत्र को मजबूत बनाते हैं और पेट को साफ रखते हैं। उत्तर भारत में इन्हें सरसों के तेल और जीरे की छौंक के साथ भुजिया बनाकर खाया जाता है, जबकि दक्षिण भारत में कई व्यंजनों में इस्तेमाल होता है।

गर्मी के दिनों में नीम के फूलों का शरबत पीने से पेट ठंडा रहता है, पाचन बेहतर होता है, और ब्लड शुगर नियंत्रण में भी यह कारगर है। गर्मी में चिलचिलाती धूप, हीटवेव, और बढ़ते तापमान से कई बीमारियां हो जाती हैं। ऐसे में नीम के फूल प्रकृति का अनमोल तोहफा हैं। इनका नियमित सेवन शरीर को ठंडक देता है, पित्त दोष को संतुलित करता है, और स्वास्थ्य सुधारता है।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   19 March 2026 9:00 PM IST

Tags

और पढ़ेंकम पढ़ें
Next Story