असम ग्रामीण विकास बैंक घोटाला ईडी ने पीएमएलए के तहत दायर की शिकायत

असम ग्रामीण विकास बैंक घोटाला ईडी ने पीएमएलए के तहत दायर की शिकायत
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने असम में 7.28 करोड़ रुपये के कथित बैंक घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में असम ग्रामीण विकास बैंक के पूर्व शाखा प्रमुख समेत दो आरोपियों के खिलाफ धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत अभियोजन शिकायत दर्ज की है।

गुवाहाटी, 19 मई (आईएएनएस)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने असम में 7.28 करोड़ रुपये के कथित बैंक घोटाले और मनी लॉन्ड्रिंग मामले में असम ग्रामीण विकास बैंक के पूर्व शाखा प्रमुख समेत दो आरोपियों के खिलाफ धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत अभियोजन शिकायत दर्ज की है।

अधिकारियों ने मंगलवार को बताया कि ईडी ने गुवाहाटी स्थित पीएमएलए मामलों की विशेष अदालत में दिव्यज्योति कलिता और गोलपाड़ा जिले के निवासी बिरबाहु ब्रह्मा के खिलाफ शिकायत दायर की है।

यह मामला धन शोधन निवारण अधिनियम, 2002 की धारा 44(1)(बी) और 45(1) के तहत कथित अपराधों से जुड़ा है।

ईडी के अनुसार, जांच की शुरुआत कार्बी आंगलोंग जिले के खटखटी थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 420 और 409 के तहत दर्ज प्राथमिकी के आधार पर की गई थी। बाद में इस मामले को सीबीआई की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा, शिलांग ने दोबारा दर्ज किया।

सीबीआई ने 29 अप्रैल 2024 को आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 120-बी और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धाराओं के तहत आरोपपत्र दाखिल किया था।

ईडी की जांच में सामने आया कि दिसंबर 2020 से अप्रैल 2021 के बीच कलिता ने कथित तौर पर असम ग्रामीण विकास बैंक की लाहोरीजान शाखा के एडजस्टमेंट क्लियरिंग अकाउंट से 20 अनधिकृत लेनदेन के जरिए 7.28 करोड़ रुपये का गबन किया।

अधिकारियों के मुताबिक, ये लेनदेन बिना किसी वाउचर या ग्राहकों के निर्देश के फिनैकल बैंकिंग सॉफ्टवेयर के क्रेडेंशियल्स का इस्तेमाल कर किए गए।

जांच में यह भी पता चला कि कथित अवैध धन को फर्जी ग्राहक खातों, स्वयं सहायता समूहों और सोसायटी खातों के साथ-साथ फर्जी सावधि जमा और डिपॉजिट के खिलाफ ऋण के माध्यम से कई स्तरों पर घुमाया गया।

ईडी ने दावा किया कि बाद में इस रकम को मुख्य आरोपी के निजी खाते, उसकी पत्नी के खाते, चाय कारोबार से जुड़ी साझेदारी फर्म और दूसरे आरोपी के रिश्तेदारों व सहयोगियों के नाम पर संचालित कई अन्य खातों में ट्रांसफर किया गया।

एजेंसी के अनुसार, नवंबर 2024 में आरोपियों के ठिकानों पर की गई तलाशी के दौरान कई आपत्तिजनक दस्तावेज, निवेश से जुड़ी हस्तलिखित नोटबुक, संपत्ति के कागजात, तीसरे पक्षों के चेकबुक और मुख्य आरोपी से कथित रूप से जुड़ा एक रुपे डेबिट कार्ड बरामद किया गया।

अधिकारियों ने बताया कि मामले की आगे की जांच जारी है।

अस्वीकरण: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में BhaskarHindi.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर BhaskarHindi.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है|

Created On :   19 May 2026 11:34 PM IST

Tags

Next Story