इंदौर दूषित पानी केस अस्पतालों में भर्ती मरीजों की संख्या घटी, 54 का चल रहा इलाज
इंदौर, 7 जनवरी (आईएएनएस)। इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित जल से कई लोगों के बीमार होने और कई मौतों के मामले सामने आए थे। अब स्थिति में अब काफी सुधार हुआ है। बुधवार को तीसरे दिन अस्पताल में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या कम होती रही।
इंदौर के मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हसानी के अनुसार, बुधवार को दस्त के लक्षणों वाले अस्पताल में भर्ती मरीजों की संख्या 54 रह गई, जबकि मंगलवार को यह संख्या 99 थी। इनमें से नौ मरीजों का इलाज आईसीयू में चल रहा है, जबकि पिछले दिन 17 गंभीर मामलों की सूचना मिली थी।
भागीरथपुरा में इंदौर नगर निगम के दूषित पानी के कारण क्षेत्र में बड़ी संख्या में लोग दस्त और अन्य बीमारियों से पीड़ित हैं। अब तक शहर के विभिन्न अस्पतालों में कुल 437 लोग भर्ती हुए हैं। इनमें से 381 मरीजों को बुधवार तक अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
नगर निगम ने नर्मदा जल पाइपलाइनों में कई लीकेज की पहचान कर उन्हें ठीक किया है, क्योंकि यहीं से सीवेज (गंदा पानी) मिलकर जल को दूषित कर रहा था। नियमित रूप से जल के नमूने लिए जा रहे हैं और उनका परीक्षण किया जा रहा है।
नर्मदा जल आपूर्ति बुधवार को केवल परीक्षण के लिए शुरू की गई थी। स्थानीय निवासियों को निर्देश दिया गया है कि जब तक सरकार और घोषणा नहीं करती, तब तक नल का पानी इस्तेमाल न करें।
इंदौर जिला कलेक्टर शिवम वर्मा और आईएमसी कमिश्नर क्षितिज सिंघल ने भागीरथपुरा, नर्मदा पाइपलाइन से पानी का परीक्षण किया और स्थानीय लोगों से बातचीत की।
कलेक्टर शिवम वर्मा ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए कहा, “लोगों को घर के नलों को बंद रखने और पानी का उपयोग न करने के निर्देश दिए गए हैं, क्योंकि पानी का परीक्षण किया जा रहा है। टैंकरों से पर्याप्त पानी उपलब्ध कराया जा रहा है, जिसे उबालकर और फिल्टर करके पीना चाहिए।”
उन्होंने यह भी बताया कि इस दुखद घटना में मारे गए 18 लोगों के परिवारों को प्रत्येक को 2 लाख रुपए की राशि दी गई है। इसमें पांच महीने का बच्चा अव्यान साहू भी शामिल है, जिसकी मां का कहना है कि दूषित पानी उनके दूध में मिल जाने के बाद उनका निधन हुआ। सूची में नौ महिलाएं भी हैं, जो अस्पताल में भर्ती थीं और इनमें से अधिकांश का इलाज के दौरान निधन हो गया।
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Created On :   7 Jan 2026 11:07 PM IST












