खाड़ी क्षेत्र से सुरक्षित रवाना हुए एलपीजी वाले दो और भारतीय जहाज

खाड़ी क्षेत्र से सुरक्षित रवाना हुए एलपीजी वाले दो और भारतीय जहाज
दो भारतीय एलपीजी कैरियर—बीडब्ल्यू टीवाईआर और बीडब्ल्यू ईएलएम ने खाड़ी क्षेत्र को सुरक्षित रूप से पार कर लिया है और अब वे भारतीय तटों की ओर बढ़ रहे हैं। इनमें लगभग 94,000 मीट्रिक टन एलपीजी कार्गो लदा है।

नई दिल्ली, 29 मार्च (आईएएनएस)। दो भारतीय एलपीजी कैरियर—बीडब्ल्यू टीवाईआर और बीडब्ल्यू ईएलएम ने खाड़ी क्षेत्र को सुरक्षित रूप से पार कर लिया है और अब वे भारतीय तटों की ओर बढ़ रहे हैं। इनमें लगभग 94,000 मीट्रिक टन एलपीजी कार्गो लदा है।

बंदरगाह, नौवहन और जलमार्ग मंत्रालय ने रविवार को जारी एक बयान के अनुसार, बीडब्ल्यू टीवाईआर मुंबई की ओर बढ़ रहा है और इसके 31 मार्च को पहुंचने की उम्मीद है, जबकि बीडब्ल्यू ईएलएम न्यू मैंगलोर के रास्ते में है और इसके 1 अप्रैल को पहुंचने की उम्मीद है।

खाड़ी क्षेत्र में काम कर रहे भारतीय जहाजों और नाविकों की सुरक्षा और संरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक उपाय किए गए हैं। बयान में कहा गया है कि इस क्षेत्र में मौजूद सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं, और पिछले 24 घंटों में भारतीय ध्वज वाले किसी भी जहाज से जुड़ी कोई घटना सामने नहीं आई है।

पश्चिमी फारस की खाड़ी क्षेत्र में कुल 18 भारतीय ध्वज वाले जहाज मौजूद हैं, जिन पर 485 भारतीय नाविक सवार हैं। जहाज मालिकों, आरपीएसएल एजेंसियों और भारतीय मिशनों के साथ समन्वय स्थापित करते हुए नौवहन महानिदेशालय (डीजी शिपिंग) स्थिति पर सक्रिय रूप से नजर रख रहा है।

डीजी शिपिंग का कंट्रोल रूम सातों दिन 24 घंटे चालू रहता है और शुरू होने के बाद से अब तक इसने 4523 कॉल और 8,985 ईमेल हैंडल किए हैं। विभाग को पिछले 24 घंटों में, 92 कॉल और 120 ईमेल प्राप्त हुए हैं।

डीजी शिपिंग ने अब तक 942 से अधिक भारतीय नाविकों की सुरक्षित वतन वापसी में मदद की है, जिसमें पिछले 24 घंटों में लौटे चार नाविक भी शामिल हैं।

पूरे भारत में बंदरगाहों का कामकाज सामान्य रूप से चल रहा है, और कहीं भी भीड़भाड़ की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है। गुजरात, महाराष्ट्र, गोवा, केरल, आंध्र प्रदेश और पुडुचेरी के राज्य समुद्री बोर्डों ने कामकाज के सुचारू रूप से चलने की पुष्टि की है।

बंदरगाह और नौवहन मंत्रालय, नाविकों के कल्याण और समुद्री संचालन में कोई रुकावट न आए, यह सुनिश्चित करने के लिए विदेश मंत्रालय, भारतीय मिशनों और समुद्री क्षेत्र से जुड़े अन्य पक्षों के साथ लगातार समन्वय बनाए हुए है।

विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारतीय मिशन और पोस्ट इस क्षेत्र में रहने वाले भारतीय समुदाय के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए हैं; इसके साथ ही, उनकी सुरक्षा और भलाई सुनिश्चित करने के लिए उन्हें लगातार सहायता प्रदान की जा रही है और समय-समय पर एडवाइजरी भी जारी की जा रही हैं।

मंत्रालय खाड़ी और पश्चिम एशिया क्षेत्र में बदलती स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहा है, जिसमें भारतीय समुदाय की सुरक्षा, संरक्षा और कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

भारतीय नागरिकों और उनके परिवारों की सहायता के लिए एक विशेष कंट्रोल रूम लगातार काम कर रहा है, और राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के साथ नियमित रूप से समन्वय बनाए रखा जा रहा है।

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Created On :   29 March 2026 5:34 PM IST

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