नीट पेपर लीक मामला: राहुल गांधी ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को पद से हटाने की उठाई मांग, कहा - 'BJP-RSS के बिठाए बिठाए प्रोफेसर्स की मिलीभगत का नतीजा'

डिजिटल डेस्क, दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट को लेकर सियासी बवाल बढ़ता जा रहा है। देशभर के 22 लाख से ज्यादा छात्रों के भविष्य से जुड़े इस मामले पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने केंद्र की मोदी सरकार को इसका जिम्मेदार ठहराते हुए कहा है कि यह (पेपर लीक) कोई नॉर्मल चूक या फिर प्रशासनिक गलती नहीं बल्कि बीजेपी-आरएसएस की ओर से एजुकेशन सिस्टम में बिठाए गए अयोग्य प्रोफेसर्स के नेक्सस (मिलीभगत) का नतीजा है।
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'टूटा लाखों छात्रों का सपना'
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर वीडियो के जरिए अपनी बात रखी। उन्होंने वीडियो के कैप्शन में लिखा, 'NEET के 22 लाख बच्चों के साथ धोखा हुआ है। पर मोदी जी एक शब्द भी नहीं बोल रहे। धर्मेंद्र प्रधान जी को अभी हटाइए, या जवाबदेही ख़ुद लीजिए।' कांग्रेस नेता ने वीडियो में कहा, 'NEET में दो साल 22 लाख छात्रों ने काम किया, दिन-रात काम किया, उनकी मेहनत पर पानी फिर गया। पूरा देश जानता है एग्जाम से दो दिन पहले WhatsApp पर पेपर बांटा जा रहा था। धर्मेंद्र प्रधान जी, शिक्षा मंत्री कहते हैं कि मेरा कुछ लेना-देना नहीं। कमेटी ने रिकमेंडेशन किया था उन्होंने कहा कि मेरा कुछ लेना देना नहीं है।'
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'मामले में गंभीरता नहीं दिखा रही सरकार'
राहुल गांधी ने कहा कि यह केवल एक परीक्षा की बात नहीं, बल्कि देश के युवाओं के भविष्य और शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता का सवाल है। उन्होंने मोदी सरकार पर मामले में गंभीरता न दिखाने और जवाबदेही से बचने का आरोप लगाया। राहुल ने कहा, 'जब लाखों छात्रों का भविष्य दांव पर हो, तब सरकार की चुप्पी सबसे बड़ा सवाल बन जाती है। पीएम मोदी ऐसे हर मुद्दे पर बोलते हैं, लेकिन NEET जैसे गंभीर मामले पर अब तक चुप्पी साधे हुए हैं। आखिर छात्रों को जवाब कौन देगा?'
Created On :   16 May 2026 6:48 PM IST












