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मुंबई क्राइम ब्रांच के 6 और पुलिस कर्मी कोरोना संक्रमित, 1 की मौत

मुंबई क्राइम ब्रांच के 6 और पुलिस कर्मी कोरोना संक्रमित, 1 की मौत

डिजिटल डेस्क,मुंबई । मुंबई में शनिवार को 56 वर्षीय एक पुलिस हेड कॉन्स्टेबल की कोरोना के चलते मौत हो गई। मौत का शिकार हुए पुलिसकर्मी राजेंद्र शेलार का बॉम्बे अस्पताल में इलाज चल रहा था। जबकि दूसरी ओर मुंबई पुलिस की अपराध शाखा के 6  पुलिसकर्मी कोरोना बाधित पाए गए हैं। ये सभी अपराध शाखा के यूनिट नौ में कार्यरत थे। शुक्रवार को इन पुलिस कर्मियों के कोरोना बाधित होने की पुष्टि हुई हैं।

  श्री शेलार खुफिया विभाग में तैनात थे। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त सुनील कोल्हे के मुताबिक एसबी1 मे तैनात शेलार की उम्र 55 साल थी। इसलिए उन्हें ड्यूटी से छूट दी गई थी। वे डायबिटीज से पीड़ित थे और उनकी बायपास सर्जरी हो चुकी थी। राज्य भर में अब तक 3960 पुलिसकर्मी कोरोना बाधित पाए गए हैं। इसमें से 1667 लोग ठीक हो चुके हैं। जबकि 47 लोगों की मौत हो चुकी हैं। बाकी का इलाज चल रहा है। 

अमरावती जिले में फिर मिले 12 संक्रमित 
अमरावती जिले में प्रतिदिन कोरोना संक्रमितों की तादाद बढ़ती ही जा रही है। शनिवार 20 जून को फिर 12 लोग संक्रमित पाए गए हैं। इसके बाद संक्रमितों की संख्या बढ़कर 406 पर पहुंच गई है। शनिवार को प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक  यशोदा नगर निवासी 75 वर्षीय पुरूष, हबीब नगर निवासी 40 वर्षीय पुरूष,  धामणगांव रेलवे निवासी 43 वर्षीय पुरूष, लोणी टाकली निवासी11 वर्षीय बालिका और 7वर्षीय बालक, चमन नगर निवासी 40 वर्षीय पुरूष, गोपाल नगर (माया नगर) निवासी25 वर्षीय महिला, इसी क्षेत्र का 60 वर्षीय पुरूष, भाजी बाजार निवासी २७ वर्षीय युवक, साबनपुरा निवासी 25 वर्षीय युवक, वलगांव निवासी 24 वर्षीय महिला, राजापेठ निवासी 60 वर्षीय पुरूष की रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है। 

भंडारा में मिले चार और पॉजिटिव  
भंडारा जिले में शनिवार 20 जून को और चार लोग पॉजिटिव पाए गए हैं जिससे ंसंक्रमितों की संख्या 71 से बढ़कर 75 पर पहुंच गई है। आज पाए गए संक्रमितों में लाखनी तहसील के दो, तुमसर के एक और पवनी तहसील के एक व्यक्ति का समावेश है। लाखनी में मिले संक्रमित बिहार से लौटे हैं और स्थानीय जेएमसी कंन्स्ट्रक्शन कंपनी में कार्यरत हैं जबकि तुमसर और पवनी में मिले मरीज मुंबई से लौटे हैं। 
 

यवतमाल में एक और हुआ संक्रमण का शिकार  
यवतमाल  शहर में शनिवार 20 जून को एक और संक्रमित मिला है। शहर के नए इलाके में मरीज मिलने से प्रशासन की चिंता बढ़ गई है।  शहर के गुरुदेव नगर क्षेत्र का यह मरीज बापट चौक पर स्थित अस्पताल में पिछले १५ दिन से उपचाररत था। लेकिन स्वास्थ्य में सुधार न होने पर उसे जिला सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया गया जहां उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आयी। इस मरीज के साथ जिले में संक्रमितों की संख्या 215 पर पहुंच गई है जिनमें से 52 सक्रिय मरीज हैं। 
 
गड़चिरोली जिले में एक ही दिन मिले 6 मरीज   
गड़चिरोली  में एक ही दिन में जिले में एसआरपीएफ जवान समेत 6 लोग पॉजिटिव पाए गए हैं। इनमें गड़चिरोली शहर के 1 और देसाईगंज तहसील के 5 लोगों का समावेश है। शनिवार 20 जून को मिले नये मरीजों के बाद जिले में संक्रमितों की संख्या 60 पर पहुंच गई है। देसाईगंज में एसआरपीएफ की टुकड़ी तैनात है। इनमें से ही एक जवान संक्रमित पाया गया है। साथ ही दिल्ली से देसाईगंज आए 52 वर्षिय व्यक्ति और उसकी 17 वर्षीय पुत्री, नागपुर से अलग-अलग दिन देसाईगंज आयीं दो महिलाएं संक्रमण का शिकार हुई हैं। इनके अलावा गड़चिरोली से इलाज के लिए नागपुर ले जाए गए 58 वर्षीय पुरूष की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आयी है। पहले गड़चिरोली के एक निजी अस्पताल में उसका इलाज चल रहा था। 
 

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छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का खात्मा ठोस रणनीति से संभव - अभय तिवारी

डिजिटल डेस्क, भोपाल। 21वीं सदी में भारत की राजनीति में तेजी से बदल रही हैं। देश की राजनीति में युवाओं की बढ़ती रूचि और अपनी मौलिक प्रतिभा से कई आमूलचूल परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं। बदलते और सशक्त होते भारत के लिए यह राजनीतिक बदलाव बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा ऐसी उम्मीद हैं।

अलबत्ता हमारी खबरों की दुनिया लगातार कई चहरों से निरंतर संवाद करती हैं। जो सियासत में तरह तरह से काम करते हैं। उनको सार्वजनिक जीवन में हमेशा कसौटी पर कसने की कोशिश में मीडिया रहती हैं।

आज हम बात करने वाले हैं मध्यप्रदेश युवा कांग्रेस (सोशल मीडिया) प्रभारी व राष्ट्रीय समन्वयक, भारतीय युवा कांग्रेस अभय तिवारी से जो अपने गृह राज्य छत्तीसगढ़ से जुड़े मुद्दों पर बेबाकी से अपनी राय रखते हैं और छत्तीसगढ़ को बेहतर बनाने के प्रयास के लिए लामबंद हैं।

जैसे क्रिकेट की दुनिया में जो खिलाड़ी बॉलिंग फील्डिंग और बल्लेबाजी में बेहतर होता हैं। उसे ऑलराउंडर कहते हैं अभय तिवारी भी युवा तुर्क होने के साथ साथ अपने संगठन व राजनीती  के ऑल राउंडर हैं। अब आप यूं समझिए कि अभय तिवारी देश और प्रदेश के हर उस मुद्दे प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लगातार अपना योगदान देते हैं। जिससे प्रदेश और देश में सकारात्मक बदलाव और विकास हो सके।

छत्तीसगढ़ में नक्सल समस्या बहुत पुरानी है. लाल आतंक को खत्म करने के लिए लगातार कोशिशें की जा रही है. बावजूद इसके नक्सल समस्या बरकरार है।  यह भी देखने आया की पूर्व की सरकार की कोशिशों से नक्सलवाद नहीं ख़त्म हुआ परन्तु कांग्रेस पार्टी की भूपेश सरकार के कदम का समर्थन करते हुए भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर अभय तिवारी ने विश्वास जताया है कि कांग्रेस पार्टी की सरकार एक संवेदनशील सरकार है जो लड़ाई में नहीं विश्वास जीतने में भरोसा करती है।  श्री तिवारी ने आगे कहा कि जितने हमारे फोर्स हैं, उसके 10 प्रतिशत से भी कम नक्सली हैं. उनसे लड़ लेना कोई बड़ी बात नहीं है, लेकिन विश्वास जीतना बहुत कठिन है. हम लोगों ने 2 साल में बहुत विश्वास जीता है और मुख्यमंत्री के दावों पर विश्वास जताया है कि नक्सलवाद को यही सरकार खत्म कर सकती है।  

बरहाल अभय तिवारी छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री बघेल के नक्सलवाद के खात्मे और छत्तीसगढ़ के विकास के संबंध में चलाई जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं. ज्ञात हो कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने यह कई बार कहा है कि अगर हथियार छोड़ते हैं नक्सली तो किसी भी मंच पर बातचीत के लिए तैयार है सरकार। वहीं अभय तिवारी  सर्कार के समर्थन में कहा कि नक्सली भारत के संविधान पर विश्वास करें और हथियार छोड़कर संवैधानिक तरीके से बात करें।  कांग्रेस सरकार संवेदनशीलता का परिचय देते हुए हर संभव नक्सलियों को सामाजिक  देने का प्रयास करेगी।  

बीते 6 महीने से ज्यादा लंबे चल रहे किसान आंदोलन में भी प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से अभय तिवारी की खासी महत्वपूर्ण भूमिका हैं। युवा कांग्रेस के बैनर तले वे लगातार किसानों की मदद के लिए लगे हुए हैं। वहीं मौजूदा वक्त में कोरोना की दूसरी लहर के बाद बिगड़ी स्थितियों में मरीजों को ऑक्सीजन और जरूरी दवाऐं निशुल्क उपलब्ध करवाने से लेकर जरूरतमंद लोगों को राशन की व्यवस्था करना। राजनीति से इतर बेहद जरूरी और मानव जीवन की रक्षा के लिए प्रयासरत हैं।

बहरहाल उम्मीद है कि देश जल्दी करोना से मुक्त होगा और छत्तीसगढ़ जैसा राज्य नक्सलवाद को जड़ से उखाड़ देगा। देश के बाकी संपन्न और विकासशील राज्यों की सूची में जल्द शामिल होगा। लेकिन ऐसा तभी संभव होगा जब अभय तिवारी जैसे युवा और विजनरी नेता निरंतर रणनीति के साथ काम करेंगे तो जल्द ही छत्तीसगढ़ भी देश के संपन्न राज्यों की सूची में शामिल होगा।