मध्य प्रदेश: उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में 1 बाघ की मौत, मृतक बाघों की संख्या बढ़कर 40

November 30th, 2021

हाईलाइट

  • बाघ को 26 नवंबर को खितोली क्षेत्र से बचाया गया था

डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्य प्रदेश में सोमवार को एक और बाघ के मरने की सूचना मिली है, जिससे राज्य में इस साल अब तक मरने वाले बाघों की संख्या बढ़कर 40 हो गई है, जो पूरे देश में सबसे ज्यादा है। ताजा घटना में, उमरिया जिले में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व (बीटीआर) के बफर जोन से बचाए जाने के दो दिन बाद एक 10 वर्षीय बाघिन की मौत की सूचना मिली है।

वन अधिकारी के अनुसार, टी-66 के रूप में पहचानी गई मृत बाघिन को पिछले एक महीने से रिजर्व के खितोली और पनपथा बफर जोन में देखा गया था। अधिकारी ने आईएएनएस को बताया कि एक वन दल लगातार मांसाहारी की निगरानी कर रहा था और ऐसा लग रहा था कि वह कुछ गंभीर चोटों के कारण शिकार करने में असमर्थ है। अधिकारी ने कहा कि बाघ को 26 नवंबर को खितोली क्षेत्र से बचाया गया था और उसे बहेड़ा बाड़े में लाया गया था, जहां नानाजी देशमुख पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय (जबलपुर) के डॉक्टरों की एक टीम बाघिन का इलाज कर रही थी।

वन अधिकारी ने सोमवार को एक बयान में कहा, बाघिन घायल और भूखी पाई गई थी। पशु चिकित्सा विशेषज्ञों की सलाह के अनुसार खिलाने का प्रयास किया गया, लेकिन बाघिन खाना नहीं खा पाई और रविवार को उसकी मौत हो गई। मध्य प्रदेश में बाघों की मौत की बढ़ती संख्या पर पिछले हफ्ते मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय ने वन और राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) के साथ केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी किया था।

(आईएएनएस)