comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

पूर्व सीएम शिवराज पर 450 करोड़ घोटाले का आरोप, ईओडब्ल्यू करेगी जांच

पूर्व सीएम शिवराज पर 450 करोड़ घोटाले का आरोप, ईओडब्ल्यू करेगी जांच

डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्यप्रदेश की कमलनाथ सरकार पूर्व सीएम शिवराज सिंह पर बड़ी कार्रवाई करने जा रही है। शिवराज पर नर्मदा किनारे किए गए पौधारोपण में घोटाले का आरोप है। सरकार ने घोटाले की जांच का जिम्मा ईओडब्ल्यू(EOW) को सौंप दिया है। राज्य के वनमंत्री उमंग सिंघार ने पूर्व मुख्यमंत्री पर गंभीर आरोप लगाया है।

शुक्रवार को सिंघार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि शिवराज ने जनता के पैसों का दुरुपयोग किया है। 2 जुलाई 2017 को नर्मदा किनारे 6 करोड़ पौधा रोपण में तत्कालीन सरकार और अधिकारियों ने घोर अनियमितताएं की है। सिंघार ने कहा कि अपने आप को नर्मदा पुत्र कहने वाले शिवराज सिंह ने 450 करोड़ का आर्थिक घोटाला किया। उन्होंन मां नर्मदा का सीना छलनी किया है। मैं वादा करता हूं कि इस घोटाले में दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। 

उन्होंने कहा, 2 जुलाई 2017 को पूर्व सीएम ने नर्मदा किनारे पांच करोड़ पौधे लगाने के आदेश दिए थे। पौधे की राशि 455 करोड़ रुपए बताई थी। जांच में पता चला कि मौके पर सिर्फ 14 प्रतिशत पौधे लगाए गए। गिनीज बुक में रिकॉर्ड दर्ज कराने के लिए दूसरे राज्यों से पौधे मंगवाए गए।

पौधारोपण के नाम पर शिवराज सरकार ने बड़ा घोटाला किया है। मंत्री सिंघार ने आरोप लगाते हुए कहा कि जांच में जहां 15 हजार गड्ढे होने थे वहां सिर्फ 9 हजार के आसपास ही मिले। शिवराज सरकार ने कागजी पौधारोपण किया,क्योंकि एक दिन में इतने पौधे लगाना संभव नहीं है। 

उमंग सिंघार ने आगे कहा कि इस घोटाले को छुपाने काफी कोशिश की गई। अब घोटाले के सभी आरोपियों पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा, शिवराज ने विश्व रिकॉर्ड बनाने के लिए जनता के पैसों का दुरुपयोग किया है। 

कमेंट करें
8tdU0
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।