दैनिक भास्कर हिंदी: ठगबाज बंडल के बीच रखते थे नकली नोट , 2 गिरफ्तार

June 11th, 2020

डिजिटल डेस्क, नागपुर। बैंकों में पैसे जमा करने जाने वाले भोले-भाले लोगों को शिकार बनाने वाले गिरोह के दो सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोप है कि ये लोग नोटों के बंडल में नकली नोट होने, कपड़े पर गंदगी लगने और शर्ट पर स्याही का दाग लगने आदि बातों में उलझाकर ठगी करते थे। ग्रामीण अपराध शाखा पुलिस ने इस पूरे खेल का पर्दाफाश किया। जरीपटका क्षेत्र के एक मकान से पुलिस ने गोलू उर्फ मोहसिन रजा गुलाम रजा ( 32) और हैदर अली यूसुफ अली (26)  बी.बी. कॉलोनी, खड्डा कंपनी के पास येरखेड़ा, कामठी निवासी को पकड़ा है। इनसे पहले पुलिस ने गिरोह के मुख्य सरगना मो. शेख रफीक मो. शेख यूसुफ (50) प्लाट नं. 97, नबाबपुरा आयचित मंदिर लकड़ापुल को 4 जून को गिरफ्तार किया था। इसी की निशानदेही पर बुधवार को 14 अधिकारी-कर्मचारियों की टीम ने यह कार्रवाई की। आरोपियों को काटोल पुलिस के हवाले कर दिया गया है।

मदद के बहाने रोकते थे भोले-भाले लोगों को
कलमेश्वर, काटोल, रामटेक, सक्करदरा नागपुर शहर, सिहोरा जिला भंडारा, सिटी थाना जिला भंडारा और चंद्रपुर जिले के नागभीड़ तहसील क्षेत्र में ये आरोपी कई घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। आरोप है कि मदद के बहाने ये रुकते थे और हाथ की सफाई दिखाकर मोटी रकम लूटकर भाग जाते थे। खास बात यह है कि किसी के साथ वारदात को अंजाम देते समय ये एक-दूसरे से अनजान बने रहते थे। बाद में रकम आपस में बांट लेते थे। नोटों में नकली नोट होने का झांसा देकर नकदी चुरा लेते थे। उसके बाद संबंधित व्यक्ति को नोटों का बंडल देकर चले जाते थे। बाद में उसे पता चलता था कि उसके बंडल से नोट गायब हैं। इसी तरह से किसी के शर्ट या पैंट पर स्याही छिड़क कर उसका ध्यान भटका देते थे और उसके पास की रकम पर हाथ साफ कर लेते थे। कई किसान और भोले-भाले लोगों को शिकार बना चुके हैं। ग्रामीण पुलिस अधीक्षक राकेश ओला ने इस गिरोह को पकड़ने का आदेश दिया तो पुलिस हरकत में आई।  ग्रामीण अपराध शाखा पुलिस विभाग के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक अनिल जिट्‌टेवार के नेतृत्व में एक दस्ते ने आरोपी गोलू उर्फ मोहसिन रजा गुलाम रजा और हैदर अली यूसूफ अली को बुधवार को गिरफ्तार किया।

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