पोल्यूशन: भीषण प्रदूषण वाले चंद्रपुर में डेढ़ दशक नहीं हुआ स्वास्थ्य सर्वेक्षण

January 6th, 2022

डिजिटल डेस्क, चंद्रपुर। औद्योगिक चंद्रपुर जिला भीषण प्रदूषण के लिए जाना जाता है। चंद्रपुर मंे बढ़ता प्रदूषण लोगों के लिए जानलेवा साबित हो रहा है। ऐसे में पिछले 16 वर्ष से चंद्रपुर में स्वास्थ्य सर्वेक्षण होने की गंभीर जानकारी सामने आयी है। इस बीच चंद्रपुर लोकसभा क्षेत्र के चंद्रपुर शहर तथा करीबी क्षेत्र में प्रदूषण को गंभीरता से नियंत्रित  करने तथा स्वास्थ्य सर्वेक्षण करने के लिए सांसद बालू धानोरकर ने केंद्रीय पर्यावरण व वनमंत्री भूपेंद्र यादव को इस संबंध में 4 जनवरी को पत्र भेजा है। सांसद ने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री को अवगत कराते हुए बताया कि, चंद्रपुर और करीब के क्षेत्र में बढ़ते वायु प्रदूषण को गंभीरता से नियंत्रित करने की जरूरत है। आज की आधुनिक जीवनशैली की वजह से वायु प्रदुषण बढ़ रहा है। 

औद्योगिक प्रदूषण के साथ वाहन, धूल कचरा, कोयला प्रदूषण भी भारी मात्रा में है। दूषित वायू प्रदुषण से चंद्रपुरवासी दो दशकों से पीड़ित हैं। यहां के सरकारी तथा निजी अस्पताल हमेशा भरे हुए रहते हंै। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा चंद्रपुर में हुए परीक्षण अनुसार सर्दी का मौसम  अधिक प्रदूषित साबित हुआ है। प्रदूषण की दृष्टि  से स्वास्थ्य के लिए जून, जुलाई, अगस्त एवं सितंबर माह अच्छे रहे। वर्ष 2005-2006 में चंद्रपुर में स्वास्थ्य संबधी सर्वेक्षण हुआ था। इसके बाद अब तक नहीं हुआ है। चंद्रपुर के प्रदूषण को गंभीरता से नियंत्रण करने के साथ स्वास्थ्य सर्वेक्षण करने की मांग सांसद धानोरकर ने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री यादव से की है।