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Coronavirus: झारखंड सरकार ने दूसरे राज्यों में फंसे 1.11 लाख मजदूरों के खाते में भेजे 1000 रुपये

April 25th, 2020 11:00 IST
Coronavirus: झारखंड सरकार ने दूसरे राज्यों में फंसे 1.11 लाख मजदूरों के खाते में भेजे 1000 रुपये

हाईलाइट

  • दूसरे राज्यों में फंसे 1.11 लाख मजदूरों के खाते में झारखंड सरकार ने भेजे 1000 रुपये

डिजिटल डेस्क, रांची, 24 अप्रैल (आईएएनएस)। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को कहा कि कोरोना संक्रमण की वजह से देश के विभिन्न राज्यों में झारखंड के मजदूर बड़ी संख्या में फंसे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार देश के विभिन्न राज्यों के सरकार के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर प्रवासी मजदूरों के लिए सुविधा उपलब्ध कराने में जुटी है।

सोरेन यहां प्रवासी मजदूरों को मुख्यमंत्री विशेष सहायता योजना मोबाइल ऐप के जरिए 1000 की सहायता राशि उपलब्ध कराए जाने का शुभारंभ करते हुए कहा कि राज्य के बाहर फंसे मजदूरों को हरसंभव सहायता प्रदान की जाएगी। उन्होंने कहा पहले दिन 1 लाख 11 हजार 568 मजदूरों को डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में 1000 की सहायता राशि भेजी गई है। आर्थिक रूप से उन्हें मदद पहुंचाना सरकार का लक्ष्य है।

मुख्यमंत्री ने कहा, राज्य के 2 लाख 47 हजार 25 प्रवासी मजदूरों ने मुख्यमंत्री विशेष सहायता मोबाइल ऐप के जरिए आर्थिक मदद के लिए निबंधन कराया है। झारखंड के विभिन्न जिलों ने अब तक 2 लाख 10 हजार 464 मजदूरों के निबंधन को सत्यापित किया है। जल्द ही सभी सत्यापित किए गए लाभुकों को आर्थिक सहयोग राशि उपलब्ध करा दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि इंटरनेट बैंकिंग सिस्टम के तहत बैंकों और खातों की जांच प्रक्रिया में दो-तीन दिन का समय लगता है। उन्होंने कहा, लॉकडाउन के इस संकट के समय में दूसरे राज्यों में फंसे हमारे सभी झारखंडवासियों को मुख्यमंत्री विशेष सहायता ऐप योजना के तहत आर्थिक सहयोग मिले यह राज्य सरकार का लक्ष्य है।

सोरेन ने कहा कि राज्य के वैसे परिवार जिनके पास राशन कार्ड नहीं है उन्हें भी सरकार द्वारा राशन उपलब्ध कराने का प्रावधान किया गया है। राशन उपलब्ध कराने की पहले की प्रक्रिया में परिवर्तन किया गया है। उन्होंने कहा कि वैसे परिवार जिनके पास राशन कार्ड नहीं है वे नजदीकी जनवितरण प्रणाली की दुकान से अब सीधे राशन ले सकेंगे।

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डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।