दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर : आरटीई प्रवेश के लिए 5,611 बच्चों का चयन 

April 16th, 2021

डिजिटल डेस्क, नागपुर। आरटीई का ड्रॉ निकालकर 5 हजार 611 बच्चों का चयन किया गया है। चयन सूची अारटीई के पोर्टल पर जारी की गई। ड्रॉ में जिनका नंबर लगा है, उनके पालकों के मोबाइल पर एसएमएस मिलने का सिलसिला भी शुरू हो गया है। नंबर लगने वालों के दस्तावेजों की पड़ताल के लिए पोर्टल पर तारीख दी गई है। आवेदन क्रमांक से पोर्टल चयन तथा नंबर लगने वालों के दस्तावेज की पड़ताल की तारीख का पता लगाया जा सकता है। दस्तावेजों की पड़ताल के लिए जो तारीख दी जाएगी, उसी कालावधि में पड़ताल समिति से दस्तावेजों की पड़ताल करनी होगी। इसके बाद संबंधित स्कूल के नाम प्रवेश पत्र दिया जाएगा। प्रवेश पत्र और पड़ताल किए गए दस्तावेज स्कूल में जमा करने पर प्रवेश निश्चित किया जाएगा।

5729 सीट आरक्षित : जिले के 680 स्कूलों ने आरटीई प्रवेश प्रक्रिया के लिए रजिस्ट्रेशन किया है। 5,729 सीट आरक्षित हैं। 24 हजार 168 आवेदन भरे हैं। ड्रॉ निकालकर 5611 बालकों चयन किया गया है। पहले राउंड में स्कूल से एक किलोमीटर के दायरे में रहने वाले आवेदकों को प्राथमिकता दी गई है। एसएमएस मिलने पर निर्धारित कालावधि में दस्तावेजों की पड़ताल कर स्कूल में प्रवेश निश्चित करना होगा। प्रवेश नहीं लेने पर प्रवेश प्रक्रिया से बाहर किया जाएगा। रिक्त सीट पर प्रतीक्षा सूची के आवेदक को अवसर दिया जाएगा। एसएमएस मिलने पर सूचित की गई तारीख को पड़ताल समिति द्वारा दस्तावेजों की पड़ताल करानी होगी। 

यह दस्तावेज जरूरी
1. प्रवेश के लिए आवश्यक मूल दस्तावेज तथा जेरॉक्स कॉपी।
2. आरटीई पोर्टल पर दिया गया शपथपत्र। (आवेदन की स्थिति पर क्लीक करने पर शपथपत्र तथा अलाटमेंट लेटर खुलेगा। उसका प्रिंट पड़ताल समिति को देना होगा)
3. लॉकडाउन या अन्य कारण से पड़ताल समिति के सामने प्रत्यक्ष उपस्थित नहीं रह पाने की स्थिति में वॉट्सएप या ई-मेल पर भी दस्तावेज भेजे जा सकेंगे। मूल दस्तावेज जमा करने तक उसे प्रोविजनल एडमिशन दिया जाएगा।
4. आवेदन में दर्शाया गया आवास का पता और गूगल लोकेशन मैच नहीं होने पर प्रवेश रद्द किया जा सकता है।
5. एक बालक के दो आवेदन भरने पर ड्रॉ में नंबर लगने पर भी प्रवेश रद्द किया जाएगा।

मोबाइल पर एसएमएस से मिलेगी सूचना
ड्रॉ निकल चुका है। जिनका नंबर लगा है, उनके पालकों के मोबाइल पर एसएमएस भेजकर दस्तावेजों के पड़ताल की तारीख सूचित की जाएगी। दस्तावेजों की पड़ताल करने के बाद संबंधित स्कूल के नाम प्रवेश पत्र दिया जाएगा। - चिंतामण वंजारी, शिक्षणधिकारी (प्राथमिक), जिला परिषद