दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर के सुपर स्पेशलिटी हास्पिटल में नॉन कोविड मरीजों के लिए बढ़ाए जाएंगे 3 वार्ड

December 14th, 2020

डिजिटल डेस्क, नागपुर। कोरोना बीमारी के लिए अभी तक कोई वैक्सीन नहीं आई है। जिले में फिर से संक्रमितों की संख्या बढ़ रही है। संक्रमितों के इलाज के लिए सभी जगह व्यवस्थाएं बढ़ाई जा रही हैं। शासकीय वैद्यकीय चिकित्सा महाविद्यालय व अस्पताल में 1000 बेड की व्यवस्था की गई है। इसके साथ नॉन कोविड मरीजों के लिए सुपरस्पेशलिटी अस्पताल में सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। सुपर में कुछ विभागों में वार्ड बढ़ाए जाएंगे।

सिर्फ सीवीटीएस और गेस्ट्रॉएंटरोलॉजी में है व्यवस्था
सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में फिलहाल डिपार्टमेंट ऑफ कार्डियो वैस्कुलर थोरेसिक सर्जरी (सीवीटीएस) और गेस्ट्रोएंटरालॉजी विभाग में मरीजों के भर्ती होने के लिए वार्ड हैं। साथ ही सर्जरी और अन्य सुविधाएं भी हैं। इसके अतिरिक्त न्यूरोलॉजी, एंडोक्रिनोलॉजी, नेफ्रालॉजी, यूरोलॉजी की सिर्फ ओपीडी है और डायलिसिस की सुविधाएं हैं। इनमें वार्ड नहीं हैं। तीन वार्ड बनकर तैयार हो चुके हैं जो दो से तीन माह में शुरू किए जाएंगे। इसके साथ ही 3 नई मंजिल तैयार की जाएंगी। 

नए कोर्स शुरू करने में भी आसानी होगी
मेडिकल के डीन ने बताया कि योजना  में दो इमारतें तैयार की जानी थीं। जिसमें से एक तैयार है। इसके बाद दूसरे विंग के निर्माण के लिए प्रस्ताव भेज दिया गया है। जिसे बनकर तैयार होने में एक से डेढ़ साल का समय लग सकता है। नई इमारत में ओपीडी को भी बढ़ाएंगे। साथ ही नए विभागों को शुरू किया जाएगा। इसके साथ ही नए विभागों में नए कोर्स भी शुरू किए जाएंगे। इसमें ब्लड बैंक और पैथालॉजी लैब भी तैयार की जाएंगी।

एक और कैथलैब बनाने की तैयारी
मेडिकल के डीन ने बताया कि कार्डियोलॉजी विभाग को बढ़ाने की योजना तैयार कर रहे हैं। अभी एक कैथलैब है। एक और कैथलैब खरीदने की तैयारी है। जरूरत के अनुसार ही योजना तैयार की जा रही है। मुख्य एक्टिविटी कैथलैब की है। 

नए वार्ड शुरू किए जाएंगे
हमारी जो बनी हुई इमारत है, उसमें तीन वार्ड का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। उन्हें हम 2 से 3 माह में शुरू करेंगे। अभी हमारे पास सीवीटीएस और गेस्ट्रॉएंटरोलॉजी में सभी सुविधाएं हैं। िजन विभागों के वार्ड नहीं हैं वह शुरू किए जाएंगे। नई बिल्डिंग के कंस्ट्रक्शन के लिए हमने प्रस्ताव भेज दिया है। 
-डॉ. सजल मित्रा, डीन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय व अस्पताल