दैनिक भास्कर हिंदी: नाना पटोले ने कहा- कांग्रेस को सबसे बड़ी पार्टी बनाने का लक्ष्य, संभाली महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस की कमान

February 5th, 2021

डिजिटल डेस्क, मुंबई । नाना पटोले को शुक्रवार को महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। राज्य में राजनीतिक स्थिति सुधारने के लिए पार्टी ने नाना पटोले को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है। प्रदेश अध्यक्ष बनने के पूर्व नाना पटोले ने उद्धव ठाकरे व उपमुख्यमंत्री अजित ठाकरे से मुलाकात की। उसके बाद उन्होंने विधानसभा उपाध्यक्ष नरहरी जिरवाल से मिलकर उन्हें विधानसभा अध्यक्ष पद का इस्तीफा सौंपा  नए विधानसभा अध्यक्ष की नियुक्ति तक जिरवाल ही यह जिम्मेदारी संभालेंगे।

प्रदेश कांग्रेस के नवनियुक्त अध्यक्ष नाना पटोले ने कहा है कि उनका लक्ष्य राज्य में पार्टी को शीर्ष पर लाना है। भंडारा जिले में साकोली विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले पटोले ने गुरुवार को महाराष्ट्र विधानसभा के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। कांग्रेस की छात्र ईकाई एनएसयूआई से राजनीतिक कैरियर शुरु करने वाले पटोले तीन बार विधायक और एक बार सांसद चुने गए। कांग्रेस से भाजपा में गए पटोले ने 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले कांग्रेस में घर वापसी की थी।  

पटोले ने कहा कि सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने मुझमें जो विश्वास जताया है, उस पर मैं खरा उतरकर दिखाऊंगा और कांग्रेस को राज्य में फिर से सबसे बड़ी पार्टी बनाऊंगा। चार बार विधायक रहे पटोले ने थोड़े समय के लिए कांग्रेस छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया था और 2014 में भंडारा-गोंदिया लोकसभा सीट से उन्होंने राकांपा नेता प्रफुल्ल पटेल को हराया था। बहरहाल, मतभेद के कारण उन्होंने भाजपा छोड़ दी और फिर से कांग्रेस में शामिल हो गए थे। विदर्भ के भंडारा के रहने वाले पटोले व्यवहार कुशल व तेजतर्रार नेता माने जाते हैं।

पहली बार किसी हिंदी भाषी को मिला मौका

प्रदेश कांग्रेस में इस बार 6 कार्याध्यक्ष भी बनाए गए हैं। इनमें कांग्रेस के हिंदीभाषी नेता नसीम खान भी शामिल हैं। पूर्व मंत्री खान पार्टी के उत्तरभारतीय व मुस्लिम चेहरे हैं। खान को इसके पहले मुंबई कांग्रेस के चुनाव अभियान समिति का प्रमुख बनाया गया था।      

2014 का लोकसभा चुनाव लड़ा

उल्लेखनीय है कि नाना पटोले ने 2014 का लोकसभा चुनाव गोंदिया से भाजपा के टिकट पर लड़कर राकांपा के दिग्गज नेता प्रफुल पटेल को हराया था, लेकिन अपना कार्यकाल पूरा होने के पहले ही उनका भाजपा से मोह भंग हो गया और उन्होंने लोकसभा से इस्तीफा दे दिया। 2019 का लोकसभा चुनाव  उन्होंने नागपुर से नितिन गडकरी के खिलाफ लड़ा लेकिन हार गए। अक्टूबर, 2019 में वह अपनी परंपरागत साकोली सीट से कांग्रेस के टिकट पर जीतकर विधानसभा पहुंचे, और महाविकास अघाड़ी सरकार में विधानसभा अध्यक्ष बने। भाजपा से बगावत कर लोकसभा सदस्यता छोड़ने के कारण कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी की निगाह में आए नाना पटोले को अब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी गई। 

पूर्व मंत्री शिवाजीराव मोघे सहित 6 कार्यकारी अध्यक्ष

विदर्भ से आदिवासी नेता एवं पूर्व मंत्री शिवाजीराव मोघे सहित 6 कार्यकारी अध्यक्ष और विधायक रणजीत कांबले समेत 10 को उपाध्यक्ष बनाया गया हैं। कांग्रेस महासचिव के सी वेणुगोपाल की ओर से शुक्रवार को यहां जारी एक बयान के मुताबिक पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने इन पदाधिकारियों की तत्काल प्रभाव से नियुक्ति को स्वीकृति प्रदान की है। विभागवार छह कार्यकारी अध्यक्षों में चंद्रकांत हंडोरे, बसवराज पाटील, मोहम्मद आरिफ नसीम खान, कुणाल पाटील और प्रणिती शिंदे शामिल है। वहीं उपाध्यक्ष में रणजीत कांबले, शिरीष चौधरी, रमेश बागवे, हुसैन दलवई, मोहन जोशी, कैलाश गोरंट्याल, बीआई नगराले, शरद अहेर, एमएम शेख और माणिकराव जगताप का नाम शामिल है। पार्टी ने आगामी स्थानीय निकाय चुनावों के मद्देनजर जिलेवार रणनीति समिति, स्क्रीनिंग एवं समन्वय समिति भी गठित की है। इनमें प्रदेश अध्यक्ष, विधानसभा नेता, विधान परिषद के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री समेत प्रदेश संगठन के विभिन्न विभागों के 19 पदाधिकारी शामिल है। इसके अलावा प्रदेश इकाई संसदीय बोर्ड में 37 सदस्य शामिल है, उनमें अध्यक्ष नाना पटोले, पूर्व अध्यक्ष एवं मंत्री बालासाहेब थोरात, मंत्री डॉ नितिन राऊत, मंत्री अशोकराव चव्हाण, मंत्री, विजय वडेट्‌टीवार, मंत्री सुनील केदार, सांसद सुरेश धानोरकर, पूर्व मंत्री वसंत पुरके, रणजीत कांबले आदि नाम है