दैनिक भास्कर हिंदी: 9 लाख बिजली उपभोक्ताओं को इस माह मिल सकता है एवरेज बिल

May 9th, 2019

डिजिटल डेस्क,जबलपुर। बिजली उपभोक्ताओं को पर्याप्त बिजली नहीं मिलने और मनमानी राशि का बिल थमाए जाने का हल्ला पूरे प्रदेश भर में मचा हुआ हैं। आम लोगों की इस शिकायत का निराकरण तो सरकार और अधिकारी कर नहीं पाए है अब इस माह उपभोक्ताओं पर एवरेज बिल मिलने की तलवार लटक रहीं हैं। इसका कारण स्पॉट रीडिंग और बिलिंग का काम कर रही निजी कंपनी फेडकों के मुख्यालय का सर्वर ठप होना बताया जा रहा हैं। फेडकों कंपनी का मुख्य डाटा सर्वर भुवनेश्वर में है जो विगत दिनों आए तूफान से पूरी तरह से काम करना बंद कर दिया हैं। इससे प्रदेश के 9 लाख से अधिक उपभोक्ताओं का डाटा भी उपलब्ध न होन की बात कहीं जा रहीं हैं।

आधा दर्जन शहरों में रीडिंग शुरू नहीं
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार फेडकों कंपनी द्वारा पूर्व, मध्य और पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अधिकांश शहरों में स्पॉट रीडिंग और बिलिंग का काम कर रहीं हैं। जिसमें जबलपुर के तीन लाख, दमोह के डेढ़ लाख सहित भोपाल, ग्वालियर, रायसेन, शाजापुर, बुरहानपुर के करीब 9 लाख उपभोक्ताओं के यहां निर्धारित शेड्यूल के अनुसार 1 तारीख से 8 तारीख के बीच रीडिंग का काम शुरू हो जाना चाहिए था जो अभी तक शुरू नहीं किया गया हैं। हालांकि कंपनी के अधिकारियों का दावा है कि शीघ्र यह शुरू हो जाएगा।

डाटा गायब होने से भी दिक्कतें

सूत्र यह भी बताते है कि फेडकों कंपनी प्रदेश के जितने भी शहरों में स्पॉट रीडिंग और बिलिंग का काम कर रहीं है उन सभी शहरों के उपभोक्ताओं का पूरा डाटा भुवनेश्वर स्थित मुख्यालय में ही दर्ज था जो सर्वर खराब होने के बाद से ही उपलब्ध नहीं हो रहा था। हालांकि बुधवार की देर शाम तक क्षेत्रीय प्रतिनिधियों के कम्प्यूटर में दर्ज रिकार्ड से काफी हद तक डाटा एकत्र कर लिया गया हैं। जिसके बाद रीडिंग का काम शुरू होने की संभावना व्यक्त की जा रहीं हैं।

हैदराबाद शिफ्ट किया जा रहा मुख्यालय

बताया जाता है कि फेडकों का भुवनेश्वर स्थित डाटा सेंटर खराब होने के बाद अब नए सिरे से सारा रिकार्ड तैयार किया जा रहा हैं। वहीं उड़ीसा से सारा सिस्टम उठाकर हैदराबाद शिफ्ट किया जा रहा हैं। जब तक हैदराबाद से काम चालू नहीं होता तब तक रीडिंग और बिलिंग को लेकर उपभोक्ताओं की परेशानी बनीं रहेगी।
वहीं दूसरी ओर इस पूरे मामलें में जानकारी लेने के लिए कंपनी के प्रतिनिधि अतिन श्रीवास्तव से संपर्क किया गया तो उन्होंने कुछ देर में बात करने की बात कहीं इसके बाद संपर्क नहीं हो सका है।
 

खबरें और भी हैं...