दैनिक भास्कर हिंदी: राहुल गांधी ने खेला ब्राह्मण कार्ड, मदन मोहन झा को सौंपी बिहार कांग्रेस की कमान

September 18th, 2018

हाईलाइट

  • मदन मोहन झा को सौंपी गई बिहार कांग्रेस अध्यक्ष की कमान
  • विधानसभा चुनावों से पहले बिहार में नए कांग्रेस पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई है।
  • 2019 में होने वाले चुनाव से पहले पार्टी ने सवर्ण चेहरे को प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंप कर सवर्णों को लुभाने की कोशिश

डिजिटल डेस्क, पटना। मदन मोहन झा को बिहार कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंपी गई है। लोकसभा चुनावों और बिहार के विधानसभा चुनावों से पहले राज्य में नए कांग्रेस पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई है। इससे पहले बिहार सरकार के पूर्व मंत्री रहे मदन मोहन झा की ताजपोशी को लेकर कोई चर्चा नहीं थी, लेकिन पूर्व के सारे कयासों से विपरीत संगठन ने उन्हें बिहार की कमान सौंपी। इस फैसले पर मंगलवार को दिल्ली से मुहर लगी। 

बता दें कि बिहार में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष का पद, अशोक चौधरी को पद से हटाये जाने के बाद से खाली था और कौकब कादरी प्रदेश अध्यक्ष का प्रभार संभाल रहे थे। 2019 में होने वाले चुनाव से पहले पार्टी ने सवर्ण चेहरे को प्रदेश अध्यक्ष की कमान सौंप कर सवर्णों को लुभाने की कोशिश की है। झा ब्राह्नण जाति से आते हैं और बिहार में कांग्रेस के पुराने तथा कद्दावर नेता हैं। प्रदेश अध्यक्ष बनने के बाद झा ने कहा कि मेरा पहला प्रयास महागठबंधन में पार्टी के लिये ज्यादा से ज्यादा सीट लेना है। मदन मोहन के अलावा चार और कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किए गए हैं। इनमें अशोक कुमार, कौकब कादरी, श्याम सुंदर (धीरज) और समीर कुमार सिंह को यह जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गाँधी ने अखिलेश प्रसाद सिंह को कैंपेन कमेटी का चेयरमैन बनाया है पार्टी के संगठन महासचिव अशोक गहलोत की ओर से जारी बयान के मुताबिक  बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की 23 सदस्यीय कार्य समिति और 19 सदस्यीय सलाहकार समिति का भी गठन किया गया है। पार्टी ने चार लोगों को कार्यकारी अध्यक्ष के तौर पर रखा है। 

कांग्रेस का ब्राह्मण कार्ड
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मदन मोहन झा को पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष बनाकर ब्राह्मण कार्ड खेला है। बिहार में करीब 8 फीसदी ब्राह्मण मतदाता हैं। मदन मोहन झा के जरिए कांग्रेस ने बिहार के ब्राह्मण मतदाताओं को साधने की रणनीति बनाई है। आरजेडी जहां यादव, मुस्लिम, दलित और ओबीसी मतों को साधने में जुटी है। ऐसे में कांग्रेस के ब्राह्मण कार्ड के जरिए महागठबंधन के मतों को और मजबूत करने के मकसद को समझा जा सकता है। 

कौन हैं मदन झा
मदन मोहन झा का जन्म एक अगस्त 1956 को हुआ। पिता का नाम डॉ. नागेंद्र झा बिहार के दरभंगा जिले की बधॉत मनीगाछी के रहने वाले हैं।पिता नागेंद्र झा बिहार सरकार में मंत्री रहे थे। सियासत के आंगन में पले मदन मोहन झा ने छात्र जीवन से राजनीति में कदम रख दिया था। उन्होंने कांग्रेस के छात्र संगठन NUSI के जरिए अपनी सियासी पारी को आगे बढ़ाया। 1985 से 1995 तक विधायक रहे और मौजूदा समय में एमएलसी हैं, जिसके लिए वे 2014 में चुने गए हैं।